सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से वायरल हुई कॉकरोच जनता पार्टी अब कानूनी और राजनीतिक विवाद में घिरती नजर आ रही है. पार्टी के नाम और पहचान को लेकर नया मोड़ आ गया है. हरियाणा के पानीपत निवासी वकील सुधीर जाखड़ ने चुनाव आयोग में इसी नाम से राजनीतिक दल के रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन दाखिल कर दिया. इस कदम ने पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है.
सुधीर जाखड़ ने रिप्रजेंटेशन ऑफ पीपल एक्ट की धारा 29A के तहत आवेदन दायर किया है. आवेदन में उन्होंने खुद को कॉकरोच जनता पार्टी का राष्ट्रीय संयोजक बताया है. आवेदन में वही कॉकरोच वाला लोगो भी इस्तेमाल किया गया है, जो पार्टी हैंडल से जुड़ा है.
कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत सोशल मीडिया पर हसाने वाले राजनीतिक कंटेंट के रूप में हुई थी. अमेरिका में पढ़ाई कर रहे अभिजीत दीपके ने इसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर शुरू किया था. कुछ ही समय में पार्टी का एक्स और इंस्टाग्राम अकाउंट तेजी से वायरल हो गया. युवाओं और मीम कम्युनिटी के बीच इसे जबरदस्त समर्थन मिला. भाजपा और कांग्रेस के फॉलोअर्स की संख्या को कॉकरोचों ने तुरंत पीछे छोड़ दिया. कुछ समय बाद सरकारी शिकायतों के बाद पार्टी के सोशल मीडिया हैंडल को ब्लॉक कर दिया गया.
सुधीर जाखड़ का कहना है कि उन्होंने पहले अभिजीत दीपके से संपर्क करने की कोशिश की थी. उनके मुताबिक, पार्टी को जमीन पर राजनीतिक संगठन के रूप में खड़ा करने के लिए दीपके से भारत लौटने की अपील की गई थी. उन्होंने ऐसा करने से इनकार कर दिया. जाखड़ ने दावा किया कि अगर समय रहते पार्टी का रजिस्ट्रेशन नहीं कराया जाता, तो कोई दूसरा इसका गलत इस्तेमाल कर सकता था. इसी वजह से उन्होंने आगे बढ़कर कानूनी प्रक्रिया शुरू की.