ओडिशाः जिंदगी एक ऐसा चक्र जो कब चलता जाता है और कब खत्म हो जाता है पता नहीं लगता. इसी चक्र में फंसे कई लोग पैसे के मोह या अपने पुराने बीते हुए लम्हों को भूला नहीं पाते. खासकर जब कोई व्यक्ति जीवन के आखिरी लम्हे जी रहा हो. इन सबके बीच अपने मोह भूल और अपनी यादें को विदा कर एक 100 साल की महिला ने एक मिसाल पेश की है. ओडिशा की एक वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर के. लक्ष्मीबाई ने भविष्य के लिए निवेश करने का एक फैसला किया. इस फैसले ने उन्हें रातोंरात सुर्खियों में ला दिया.
इस बात पर यकीन करना कई लोगों के लिए भले मुश्किल हो, लेकिन ओडिशा की ब्रह्मपुर की डॉक्टर के. लक्ष्मीबाई ने महिलाओं के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के मकसद से अपनी सारी संपत्ति दान करने का फैसला किया. उन्होंने न केवल ये फैसला किया बल्कि इसके लिए अपना घर भी बेच दिया. उन्होंने घर बेचने से मिले तीन करोड़ चालीस लाख रुपए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) की भुवनेश्वर शाखा को दान कर दिया है.
डॉक्टर लक्ष्मीबाई ने यह सब करके कई लोगों के लिए मिसाल पेश की है. उन्होंने कहा कि, "ओडिशा में कई महिला कैंसर से प्रभावित होती हैं, लेकिन वे सही इलाज नहीं करा पातीं. काफी कठिनाइयों का सामना करती हैं. मैंने सोचा कि मैं उनके लिए क्या कर सकती हूं. इसलिए मैंने अपना घर बेच दिया और एम्स भुवनेश्वर में एक महिला कैंसर ट्रीटमेंट सेंटर के लिए सारा पैसा दे दिया." माना जा रहा है कि इस पैसे से ओडिशा में महिलाओं के स्वास्थ्य, खासकर महिलाओं के कैंसर के इलाज और शोध को मजबूती मिलेगी.
एम्स भुवनेश्वर के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉक्टर दिलीप परिडा ने कहा, "यह राशि कैंसर से पीड़ित महिला मरीजों की देखभाल, शोध, प्रशिक्षण और सामुदायिक स्वास्थ्य सेवाओं में खर्च की जाएगी. इसके अलावा महिलाओं को कैंसर के प्रति जागरूक बनाने और सर्वाइकल कैंसर वैक्सीनेशन में इस पैसे को खर्च किया जाएगा." उन्होंने यह भी बताया, "इस राशि से एक कॉर्पस फंड बनाया जाएगा. फिक्स्ड डिपॉजिट से मिलने वाला ब्याज इसी उद्देश्य के लिए खर्च किया जाएगा."