नई दिल्ली: इंजीनियर बनने का सपना देखने वाले लाखों छात्रों के लिए JEE Main का रिजल्ट बेहद अहम होता है. खासकर जब स्कोर 90 पर्सेंटाइल के आसपास हो, तो मन में यह सवाल जरूर उठता है कि आखिर कौन-सा कॉलेज मिलेगा और कौन-सी ब्रांच चुननी सही रहेगी. अच्छी बात यह है कि यह स्कोर आपको कई सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेजों के दरवाजे तक पहुंचा सकता है.
आमतौर पर 90 पर्सेंटाइल हासिल करने वाले छात्रों की ऑल इंडिया रैंक (AIR) लगभग 90,000 से 1,20,000 के बीच होती है. इस रैंक के आधार पर छात्रों को कई सरकारी संस्थानों में एडमिशन का मौका मिल सकता है. हालांकि टॉप ब्रांच जैसे कंप्यूटर साइंस (CSE) या इलेक्ट्रॉनिक्स (ECE) मिलना थोड़ा कठिन हो सकता है, लेकिन बाकी अच्छी ब्रांच के दरवाजे और अवसर उपलब्ध रहते हैं. तो आईए जानते हैं 90 प्रतिशत पाने के बाद छात्रों को कौन से कॉलेज में एडमिशन मिल सकता है.
इस रैंक रेंज पर छात्रों को National Institute of Technology के कुछ नए या मिड-रेंज कैंपस में एडमिशन की संभावना रहती है. जैसे NIT अगरतला, NIT जलंधर, NIT गोवा, NIT मेघालय, NIT रायपुर और NIT मिजोरम में मैकेनिकल, सिविल या इलेक्ट्रिकल जैसी ब्रांच मिलने की संभावना बनती है.
NITs के अलावा IIIT पुणे, असम यूनिवर्सिटी, बिरला इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नॉलजी मेसरा और तेजपुर यूनिवर्सिटी जैसे संस्थानों में भी एडमिशन मिल सकता है. यहां कुछ मामलों में CSE और IT जैसी लोकप्रिय ब्रांच भी मिल जाती हैं, लेकिन सीट उपलब्धता और कटऑफ पर निर्भर करता है.
JEE Main के बाद एडमिशन का मुख्य रास्ता ज्वाइंट सीट ऐलोकेशन अथॉरिटी (JoSAA) काउंसलिंग है. इसमें छात्रों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर अपनी पसंद के कॉलेज और ब्रांच भरने होते हैं. रैंक और सीट की उपलब्धता के आधार पर अलग-अलग राउंड में सीट अलॉट होती है.
अगर JoSAA में सीट नहीं मिलती, तो Central Seat Allocation Board के स्पेशल राउंड में भी हिस्सा लिया जा सकता है. यहां बची हुई सीटों पर एडमिशन मिलता है, जिससे छात्रों के पास एडमिशन का एक और अवसर रहता है.
| काॅलेज का नाम | ब्रांच |
क्लोजिंग रैंक (ओपन कैटेगरी-होम स्टेट कोटा) |
| NIT मेघालय | सिविल और इलेक्ट्रिकल |
85,000 से 2,30,000 तक |
| NIT अगरतला | मैकेनिकल और सिविल |
1,35,703 से 2,37,394 तक |
| NIT हमीरपुर | सिविल और केमिकल | 75,000 से 90 |
| NIT जालंधर | सिविल |
85,000 से 95,000 तक |
| तेजपुर विश्वविद्यालय (असम) | अलग-अलग ब्रांच |
85,000 से 1,20,000 तक |
| NIT मणिपुर | अलग-अलग ब्रांच |
95,000 से 1,10,000 तक |
| IIIT रांची | इलेक्ट्रॉनिक्स और कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग (ECE) |
85,000 से 1,00,000 तक |
| असम यूनिवर्सिटी (सिलचर) | सिविल और इलेक्ट्रिकल | 90,000 से 1,20,000 तक |
| IIIT भागलपुर | कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग (CSE) और ECE |
85,000 से 95,000 तक |
| NIT गोवा | सिविल और मैकेनिकल | 80,000 से 95,000 तक |
| IIIT भोपाल | इलेक्ट्रॉनिक्स और कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग (ECE) |
85,000 से 95,000 तक |
| गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय | सिविल और मैकेनिकल |
1,00,000+ |
| BIT मेसरा (रांची) | बायो-टेक्नोलाॅजी |
85,000 से 1,13,717 तक |