नई दिल्ली: हर साल की तरह इस बार भी लाखों छात्र-छात्राओं के लिए सबसे महत्वपूर्ण समय आ गया है. केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं का आगाज आज 17 फरवरी 2026 से कर दिया है. यह वह दौर है जब मेहनत के सालों का नतीजा सामने आता है. बोर्ड ने परीक्षा से ठीक पहले भ्रामक अफवाहों पर लगाम लगाने के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं.
छात्रों से कहा गया है कि सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली किसी भी 'लीक पेपर' की खबर को नजरअंदाज करें और केवल cbse.gov.in जैसी आधिकारिक जगहों से जानकारी लें.
कुल मिलाकर 43,67,870 छात्र-छात्राएं इस साल की बोर्ड परीक्षाओं में बैठेंगे. कक्षा 10वीं में 25 लाख 8 हजार 319 परीक्षार्थी हैं, जिसमें 14 लाख 8 हजार 546 छात्र और 10 लाख 99 हजार 773 छात्राएं शामिल हैं. वहीं, 12वीं में 18 लाख 59 हजार 551 परीक्षार्थी हैं, जिनमें 10 लाख 27 हजार 552 छात्र और 8 लाख 31 हजार 999 छात्राएं हैं. ये आंकड़े दिखाते हैं कि लड़कियों की भागीदारी भी लगातार मजबूत हो रही है.
10वीं कक्षा की परीक्षा कुल 83 विषयों में ली जा रही है, जबकि 12वीं में 120 विषयों के पेपर होंगे. इतने बड़े पैमाने पर परीक्षाएं आयोजित करने के लिए बोर्ड ने व्यापक तैयारी की है. 10वीं के लिए 8075 और 12वीं के लिए 7574 परीक्षा केंद्र पूरे देश में स्थापित किए गए हैं. इन केंद्रों पर सीसीटीवी निगरानी, मजबूत सुरक्षा व्यवस्था और फेयर परीक्षा सुनिश्चित करने के सभी कदम उठाए गए हैं.
सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि हर साल कुछ लोग सोशल मीडिया पर फर्जी प्रश्नपत्र वायरल करके छात्रों में घबराहट फैलाते हैं. ऐसे कथित लीक पेपर पूरी तरह झूठे होते हैं और सिर्फ तनाव बढ़ाते हैं. बोर्ड ने चेतावनी दी है कि परीक्षा प्रक्रिया बाधित करने या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी. छात्रों से निवेदन है कि वे शांत रहें और अपनी तैयारी पर फोकस करें.
बोर्ड ने आश्वासन दिया है कि प्रश्नपत्रों की गोपनीयता पूरी तरह सुरक्षित है. केंद्रों पर निगरानी और अन्य व्यवस्थाएं पिछले वर्षों से भी बेहतर हैं. प्रामाणिक अपडेट के लिए सिर्फ सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट या क्षेत्रीय कार्यालयों से संपर्क करें. छात्रों को सलाह दी गई है कि परीक्षा हॉल में शांत मन से जाएं, अनावश्यक अफवाहों से दूर रहें और पूरे आत्मविश्वास के साथ पेपर दें. सफलता की शुभकामनाएं!