'...किसी को भी काम नहीं करना पड़ेगा', एलन मस्क ने AI को लेकर कर दी बड़ी भविष्यवाणी
एलन मस्क ने भविष्यवाणी की है कि अगले 10–20 साल में AI और रोबोटिक्स इतनी तरक्की कर लेंगे कि इंसानों के लिए काम पूरी तरह ऑप्शनल हो जाएगा. उनके मुताबिक पैसा महत्व खो देगा, गरीबी खत्म होगी और ऊर्जा ही नई करेंसी बनेगी.
नई दिल्ली: टेक्नोलॉजी की दुनिया में अक्सर अपने असाधारण बयानों से सुर्खियां बटोरने वाले टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क ने एक बार फिर भविष्य को लेकर बड़ा दावा किया है. उनका कहना है कि आने वाले वर्षों में इंसानों को बिल्कुल भी काम नहीं करना पड़ेगा और यह बदलाव आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तथा रोबोटिक्स की तेज तरक्की से संभव होगा.
'20 साल नहीं, 10–15 साल में बदल जाएगा काम का स्वरूप'
मस्क ने जेरोधा के को-फाउंडर निखिल कामथ के पॉडकास्ट 'People By WTF' पर बातचीत में कहा कि AI में हो रही बढ़ोतरी दुनिया को ऐसी दिशा में ले जा रही है जहां रोजमर्रा की नौकरी एक विकल्प बन जाएगी, आवश्यकता नहीं.
मस्क के शब्दों में, 'हो सकता है यह भविष्य उतना दूर नहीं है. मेरा मानना है कि 20 साल से भी पहले, शायद 10 या 15 साल में, काम करना पूरी तरह ऑप्शनल हो जाएगा. लोग चाहें तो सिर्फ शौक के तौर पर काम करेंगे.' उन्होंने इसे एक ऐसी स्थिति से जोड़ा जहां इंसान चाहे तो खुद सब्जियां उगाए या बाजार से खरीद ले, यानी काम जीवनयापन का आधार नहीं रहेगा.
'AI और रोबोटिक्स इंसानी जरूरतें पूरी कर देंगे'
मस्क का तर्क है कि भविष्य की AI प्रणालियां इतनी सक्षम होंगी कि मनुष्यों को हर चीज उपलब्ध कराएंगी, सेवाएं, वस्तूएं सुविधा सब कुछ. उन्होंने कहा कि अगर आप किसी चीज की कल्पना कर सकते हैं, तो AI उसे आपके लिए संभव कर देगा. जब मशीनें इंसानी मांगों को पूरी तरह पूरा करने लगेंगी, तब काम करने की बाध्यता खत्म हो जाएगी.
मस्क का मानना है कि एक समय ऐसा भी आएगा जब AI और रोबोटिक्स इंसानों को खुश करने के लिए करने योग्य कामों से भी आगे निकल जाएंगे. उनके अनुसार, उस समय मशीनें मूलतः मशीनों के लिए ही काम कर रही होंगी, क्योंकि इंसानी जरूरतें सीमित हैं जबकि AI की क्षमता असीम.
पैसा अप्रासंगिक और गरीबी समाप्त होने का दावा
यह पहली दफा नहीं है जब मस्क ने ऐसा भविष्य चित्रित किया है. हाल ही में उन्होंने कहा था कि AI और ह्यूमनॉइड रोबोट गरीबी को खत्म कर देंगे और सभी को समृद्ध बना देंगे.
कामथ के साथ बातचीत में उन्होंने एक और दिलचस्प भविष्यवाणी की और कहा कि लंबी अवधि में पैसे की अवधारणा खत्म हो जाएगी. मस्क का कहना है कि यदि AI और रोबोटिक्स मानव समाज की सभी जरूरतों को पूरा करने लगें, तो आर्थिक मूल्यांकन का आधार ही बदल जाएगा. उन्होंने कहा कि आखिरकार वास्तविक मुद्रा पावर जेनरेशन होगी, यानी ऊर्जा उत्पादन ही सबसे जरूरी संसाधन बनेगा.