LPG पाइप नारंगी रंग का ही क्यों होता है? जानें इसके पीछे की असली वजह

एलपीजी पाइप का नारंगी रंग महज एक डिजाइन नहीं बल्कि भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा तय सुरक्षा का प्रमाण है. घरेलू सिलेंडर से जुड़ी एलपीजी पाइप की कीमत, रंग और सुरक्षा मानक की पूरी जानकारी यहां पढ़ें.

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Shanu Sharma

नई दिल्ली: देशभर में करोड़ों घरों में रोज खाना पकाने के लिए एलपीजी पाइप और घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग होता है. लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि एलपीजी पाइप का रंग नारंगी क्यों होता है और इस रंग का एलपीजी सिलेंडर सुरक्षा से क्या संबंध है.

बाजार में हरे और पारदर्शी पाइप भी मिलते हैं, लेकिन विशेषज्ञ हमेशा नारंगी पाइप को ही प्राथमिकता देने की सलाह देते हैं. आइए जानते हैं इसके पीछे का क्या कारण  है?

नारंगी एलपीजी पाइप की तीन परतें क्यों जरूरी हैं

नारंगी रंग के एलपीजी पाइप को सुरक्षा एलपीजी होज कहा जाता है. भारतीय मानक ब्यूरो यानी बीआईएस के मानकों के तहत बनने वाले असली सुरक्षा पाइप केवल इसी विशेष नारंगी रंग में उपलब्ध होते हैं. यह रंग संयोग से नहीं बल्कि जानबूझकर चुना गया है.

नारंगी को उच्च दृश्यता वाला रंग माना जाता है जो अंधेरे या कम रोशनी में भी आसानी से दिख जाता है, जिससे रसोई में किसी भी असामान्य स्थिति की पहचान जल्दी हो सकती है.साधारण पाइप के मुकाबले बीआईएस प्रमाणित नारंगी एलपीजी सिलेंडर पाइप में तीन विशेष परतें होती हैं जो इसे सबसे अलग बनाती हैं:

  • अंदरूनी परत: यह गैस-प्रतिरोधी होती है जो प्रोपेन और ब्यूटेन गैस को पाइप की दीवारों में समाने से रोकती है.
  • बीच की परत: इसमें स्टील के तार का जाल होता है जो पाइप को चूहों के काटने से बचाता है और दबाव झेलने की ताकत देता है.
  • बाहरी नारंगी परत: यह आग-प्रतिरोधी होती है जो रसोई के उच्च तापमान और छोटी-मोटी चिनगारी को सहन कर सकती है.

पारदर्शी और हरे पाइप एलपीजी के लिए सुरक्षित क्यों नहीं

घरेलू सिलेंडर कनेक्शन में पारदर्शी या हरे रंग के पाइप का उपयोग करना खतरनाक साबित हो सकता है. ये पाइप मूल रूप से पानी या हवा के कम दबाव वाले कामों के लिए बने होते हैं. एलपीजी गैस में मौजूद प्रोपेन और ब्यूटेन जैसे रासायनिक तत्व साधारण प्लास्टिक या पारदर्शी पाइप को अंदर से कठोर बना देते हैं, जिससे जल्दी दरारें पड़ने लगती हैं और गैस रिसाव का खतरा बना रहता है.

एलपीजी पाइप खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?

  • पाइप पर बीआईएस प्रमाणन की मुहर जरूर जांचें.
  • केवल नारंगी रंग का सुरक्षा पाइप ही घरेलू गैस सिलेंडर में लगाएं.
  • हर दो साल में एलपीजी पाइप बदलवाना जरूरी है चाहे वह दिखने में सही लगे.
  • पाइप पर निर्माण तिथि और समाप्ति तिथि जरूर देखें.
  • सस्ते या बिना मानक के पाइप का उपयोग कभी न करें, इससे घरेलू सिलेंडर कीमत पर की बचत के बदले जान का खतरा हो सकता है.