US Israel Iran War

Uttarakhand Weather: उत्तराखंड के इन जिलों में मौसम विभाग का बड़ा अलर्ट, 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं; जानें वेदर अपडेट

उत्तराखंड में मानसून की एंट्री अभी एक सप्ताह तक टल सकती है. मौसम विभाग ने उत्तरकाशी समेत 8 जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली का अलर्ट जारी किया है. चलिए जानते हैं आने वाले दिनों के लिए क्या है वेदर अपडेट.

Pinterest (Representative image)
Km Jaya

देहरादून: उत्तराखंड में मानसून की एंट्री फिलहाल टलती नजर आ रही है. मौसम विभाग के अनुसार राज्य में अगले एक सप्ताह तक मानसून पहुंचने की संभावना कम है. वर्तमान में मानसून छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के आसपास सक्रिय है, लेकिन इसकी प्रगति धीमी होने के कारण उत्तराखंड में इसके पहुंचने में देरी हो रही है. इस बीच प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदला हुआ बना हुआ है.

मौसम विज्ञान केंद्र ने मंगलवार के लिए उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल, देहरादून, टिहरी और पिथौरागढ़ जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है. इन जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है. साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज और झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं. आकाशीय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है.

कैसा है वहां का मौसम?

राज्य में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव बना हुआ है, जिसके कारण पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम अपेक्षाकृत सक्रिय बना हुआ है. ऊंचाई वाले इलाकों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा रही है. बादलों की आवाजाही लगातार बनी हुई है, जिससे पहाड़ी क्षेत्रों का तापमान नियंत्रित बना हुआ है. हालांकि मैदानी इलाकों में स्थिति अलग है, जहां तेज धूप और बादलों की आंख-मिचौनी के बीच उमस लोगों को परेशान कर रही है.


सोमवार को राजधानी देहरादून समेत कई मैदानी क्षेत्रों में दिनभर धूप और बादलों का मिश्रित असर देखने को मिला. तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया, जिससे लोगों को गर्मी और चिपचिपी उमस का सामना करना पड़ा. बारिश के सीमित असर के कारण गर्मी से राहत नहीं मिल सकी.

मौसम विभाग ने क्या बताया?

मौसम विभाग के अनुसार राज्य के अन्य जिलों में भी कहीं-कहीं हल्की बारिश होने की संभावना बनी हुई है. हालांकि व्यापक और लगातार बारिश की संभावना फिलहाल नहीं दिखाई दे रही है. अगले तीन दिनों तक मौसम का रुख लगभग ऐसा ही बना रहने का अनुमान है. पहाड़ी जिलों में गरज-चमक और हल्की बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं, जबकि मैदानी इलाकों में उमस और गर्मी का असर बना रहेगा.

विशेषज्ञों का कहना है कि तेज हवाओं और आकाशीय बिजली के दौरान खुले स्थानों में जाने से बचना चाहिए. किसानों और पर्वतीय क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को भी मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है.

उत्तराखंड में मानसून का इंतजार जारी है और फिलहाल लोगों को बदलते मौसम, उमस और तेज हवाओं के बीच अगले कुछ दिनों तक सावधानी बरतनी होगी. मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है.