लखनऊ सहित पूरे यूपी में फिर बदलेगा मौसम, पूर्वी जिलों में तेज बारिश के आसार

बंगाल की खाडी में बने कम दबाव के क्षेत्र और मानसूनी ट्रफ के उत्तर प्रदेश की ओर बढने से गुरुवार से बारिश की गतिविधियां तेज होने का अनुमान है. पूर्वी यूपी के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश के साथ गरज-चमक और वज्रपात की चेतावनी दी गई है.

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Shanu Sharma

उत्तर प्रदेश में कुछ दिनों की गर्मी और उमस के बाद एक बार फिर मानसून सक्रिय होने जा रहा है. मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार से पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर तेज हो सकता है. गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, सोनभद्र, संतकबीरनगर, आजमगढ, बलिया, गाजीपुर, वाराणसी और प्रयागराज समेत आसपास के जिलों में तेज बारिश होने की संभावना जताई गई है.

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, बंगाल की खाडी में बने कम दबाव के क्षेत्र का असर और मानसूनी ट्रफ के उत्तर प्रदेश की ओर खिसकने से बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी. कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड सकती हैं. इस दौरान वज्रपात का खतरा भी बना रहेगा.

उमस और गर्मी से मिलेगी राहत

पिछले कई दिनों से प्रदेश के लोगों को उमस और गर्मी का सामना करना पड रहा है. अब बारिश होने से तापमान में गिरावट आने और लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है. हालांकि बारिश का असर पूरे प्रदेश में एक जैसा नहीं रहेगा. पूर्वी हिस्सों में जहां बारिश तेज हो सकती है, वहीं अन्य क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश देखने को मिल सकती है. राजधानी लखनऊ में गुरुवार को बादलों की आवाजाही के बीच धूप भी निकल सकती है. मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार सुबह हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि शाम से रात के बीच तेज बारिश का दौर आ सकता है.


तापमान में गिरावट की उम्मीद

बारिश के कारण लखनऊ के अधिकतम तापमान में करीब दो से चार डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज होने का अनुमान है. बुधवार को राजधानी का अधिकतम तापमान 36.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 3.4 डिग्री अधिक था. न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. करीब 10 दिन बाद लखनऊ समेत प्रदेश के लगभग 20 जिलों में दिन का तापमान सामान्य से ऊपर दर्ज किया गया है. ऐसे में आने वाले दिनों की बारिश से लोगों को गर्मी और उमस से काफी राहत मिलने की उम्मीद है.