'पुलिस से पंगा लेकर मैंने की गलती, आप न करना...' कहकर होमगार्ड ने क्यों कर ली खुदकुशी?
Agra Home Guard Suicide: आगरा में सुसाइड का एक अनोखा मामला सामने आया है. दरअसल, 72 घंटे के अंदर एक ही परिवार के दो भाइयों ने मौत को गले लगा लिया. तीन दिन पहले छोटे भाई ने सुसाइड किया था. सोमवार दोपहर को बड़े भाई ने उसी जगह फांसी लगाकर जान दी, जहां उसके भाई ने आत्महत्या की थी. सोमवार को सुसाइड करने वाले शख्स के पास से एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें वजहों के बारे में जानकारी दी गई है.
Agra Home Guard Suicide: आगरा के बरहन इलाके में एक ही परिवार के दो भाइयों ने आत्महत्या कर ली. दोनों भाइयों ने 72 घंटे के अंदर मौत को गले लगाया. तीन दिन पहले छोटे भाई ने, जबकि सोमवार दोपहर बड़े भाई ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. मृतक की जेब से पुलिस ने एक सुसाइड नोट बरामद किया है. कहा जा रहा है कि मौत को गले लगाने से पहले शख्स ने सुसाइड नोट में लिखा था कि पुलिस से पंगा नहीं लेना चाहिए. उसने सुसाइड नोट में अपने परिवार की देखभाल के लिए सरकार से अपील भी की है.
मामला बरहन इलाके के रूपपुर गांव का है. मृतक की पहचान प्रमोद कुमार के रूप में हुई है, जो आगरा में होमगार्ड के रूप में तैनात था. जानकारी के मुताबिक, प्रमोद के भाई संजय सिंह ने तीन दिन पहले अपनी जान दी थी.
दरअसल, संजय सिंह खेती-किसानी करता था. उसकी ससुराल हाथरस जिले के सादाबाद इलाके में है. संजय की पत्नी का भाई एक लड़की को भगा ले गया था, जिसके बाद लड़की के परिजन ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई थी. कहा जा रहा है कि सादाबाद पुलिस ने लड़की की बरामदगी के लिए संजय सिंह को हिरासत में ले लिया और उसे काफी प्रताड़ित किया. उससे पैसे की भी डिमांड की गई. बाद में कुछ रुपये लेने के बाद पुलिस ने संजय सिंह का शांति भंग में चालान कर दिया और छोड़ दिया.
शनिवार यानी 22 जून को पुलिस ने संजय सिंह को एक बार फिर से थाने बुलाया और उसे फिर से प्रताड़ित किया. कहा जा रहा है कि थाने से लौटने के बाद संजय सिंह ने खेत में लगे पेड़ से लटककर फांसी लगा ली. संजय सिंह की ओर से सुसाइड करने के बाद गांव के लोगों ने खूब हंगामा काटा. इस दौरान संजय के बड़े भाई प्रमोद ने आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस ने बिना वजह मेरे भाई को फंसाया है. प्रमोद के इस आरोप के बाद गांव के लोगों ने सादाबाद के सीओ और दरोगा को सस्पेंड करने की मांग करने लगे. बाद में पुलिस की ओर से कार्रवाई का आश्वासन मिला, फिर मामला शांत हुआ.
तीन दिन बाद बड़े भाई प्रमोद ने क्यों की आत्महत्या?
संजय सिंह की आत्महत्या के बाद उसके बड़े भाई प्रमोद ने भी फांसी लगाकर अपनी जान दे दी. प्रमोद के सुसाइड करने के बाद गांव के लोग बुरी तरह से भड़क गए और पुलिस को करीब 4 घंटे तक पेड़ से लटके शव को उतारने नहीं दिया. गांव वालों ने आरोप लगाया कि संजय को प्रताड़ित करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ प्रमोद FIR कराना चाहता था, लेकिन पुलिस उसकी सुन नहीं रही थी. इससे दुखी प्रमोद ने भी फांसी लगाकर अपनी जान दे दी. डीसीपी सनम कुमार के मुताबिक, गांववालों के आरोपों और पीड़ित परिवार के सदस्यों की शिकायत के बाद आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है. फिलहाल, जांच पड़ताल जारी है.
प्रमोद कुमार के सुसाइड नोट में क्या-क्या लिखा है?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सोमवार दोपहर फांसी लगाने वाले प्रमोद कुमार के पास से जो सुसाइड नोट बरामद हुआ, उसमें लिखा है कि छोटे भाई संजय की आत्महत्या के बाद पुलिसवाले लगातार प्रताड़ित कर रहे थे और धमकी के साथ-साथ रुपये की मांग कर रहे थे. प्रमोद ने लिखा कि पुलिस से पंगा लेना मेरी भारी भूल थी, कोई भी पुलिस से पंगा न ले, वे काफी परेशान करते हैं. आखिर में प्रमोद ने राज्य सरकार से अपने परिवार का ख्याल रखने की अपील की.