मानसून के साथ पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पंजाब में मंगलवार को मौसम ने करवट ली. राज्य के कई जिलों में भारी बारिश हुई, जबकि कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई. चंडीगढ़ में सबसे अधिक बारिश हुई. यहां शाम साढ़े छह बजे तक 72.7 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई. दोपहर करीब तीन बजे शुरू हुई बारिश देर शाम तक जारी रही.
बारिश के कारण कई इलाकों में मौसम सुहावना हो गया और तापमान में भी गिरावट देखने को मिली. पंजाब के पठानकोट में 56.8 मिलीमीटर, एसबीएस नगर में 48.6 मिलीमीटर और लुधियाना में 37.9 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. इसके अलावा होशियारपुर में 33.5 मिलीमीटर, मोहाली में 18.7 मिलीमीटर और गुरदासपुर में 9.8 मिलीमीटर वर्षा हुई. राज्य के अन्य जिलों में मौसम मुख्य रूप से साफ रहा.
बारिश के बावजूद पंजाब में मानसूनी वर्षा का आंकड़ा अभी सामान्य से काफी पीछे है. मौसम विभाग के अनुसार, एक जून से 18 अगस्त तक राज्य में 200.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि में सामान्य वर्षा 314.7 मिलीमीटर मानी जाती है. इस तरह पंजाब में अब तक सामान्य से करीब 36 फीसदी कम बारिश हुई है. वहीं, चंडीगढ़ में अब तक 473.6 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है. यहां सामान्य बारिश का आंकड़ा 617 मिलीमीटर है. यानी चंडीगढ़ में भी बारिश सामान्य से कम रही है.
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक बुधवार को पंजाब के कुछ जिलों में एक बार फिर भारी बारिश हो सकती है. इसके बाद 20 अगस्त से मौसम में बदलाव आने और बारिश की गतिविधियों में कमी होने की संभावना है. मौसम विभाग ने 24 अगस्त तक प्रदेश में किसी बड़ी बारिश की संभावना नहीं जताई है.
मौसम विभाग के अनुसार 25 अगस्त से पंजाब में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो सकता है. इसके चलते राज्य के कई हिस्सों में दोबारा भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है. ऐसे में आने वाले दिनों में पंजाब के लोगों को मौसम के उतार-चढ़ाव के लिए तैयार रहना होगा.