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Punjab Flood Relief Campaign: बाढ़ प्रभावित इलाकों में पंजाब सरकार ने लगाये हेल्थ कैंप, पहले दिन 51 हजार लोग हुए शामिल

Punjab Flood Relief Campaign: जब सरकार का हर मंत्री, विधायक, अधिकारी और कर्मचारी मैदान में हो, जब टीमों के पास आधुनिक संसाधन, मेडिकल उपकरण और तकनीकी ताकत हो, और जब काम करने की मंशा साफ हो, तब बदलाव सिर्फ एक सपना नहीं, एक हकीकत बन जाता है.

Reepu Kumari

Punjab Flood Relief Campaign: पंजाब में बाढ़ के बाद हालात मुश्किल थे, लेकिन सरकार ने एक पल की भी देरी नहीं की. मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई में आम आदमी पार्टी की सरकार ने यह साबित किया है कि असली नेतृत्व वही होता है, जो चुनौती को जिम्मेदारी समझकर मैदान में उतरता है और पंजाब की मिट्टी के साथ, हर गांव, हर गली और हर घर के साथ खड़ा होता है. 15 सितंबर की स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट बताती है कि मान सरकार सिर्फ राहत नहीं, भरोसे का उदाहरण पेश कर रही है.

2303 गांवों में शुरू किए गए विशेष स्वास्थ्य अभियान ने पूरे राज्य में एक नई उम्मीद जगा दी है. अब तक 2016 गांवों में हेल्थ कैंप लग चुके हैं, जहां 51,612 लोगों के स्वास्थ्य की जांच की गई और उन्हें मौके पर ही इलाज और दवाईयां दी गई. ये वो लोग हैं जो बाढ़ के बाद असहाय थे, लेकिन आज राहत के साथ यह भी महसूस कर रहे हैं कि सरकार उनके लिए है, और उनके पास है.

सरकार खुद चलकर लोगों तक पहुंच रही

इस पूरे अभियान में सबसे बड़ी बात यह है कि सरकार खुद चलकर लोगों तक पहुंच रही है. 1,929 गांवों में घर-घर जाकर आशा वर्कर्स ने अब तक 1,32,322 परिवारों की सेहत की जांच की है और ज़रूरतमंदों को दवाइयां व मेडिकल किट दी गई हैं. इनमें ORS, पैरासिटामोल, डेटॉल, बैंड-एड, क्रीम और जरूरी दवाइयां शामिल हैं. लोग खुद कह रहे हैं कि पहली बार ऐसा हो रहा है कि सरकार बिना बुलाए खुद दरवाज़े पर दस्तक दे रही है.

साफ-सफाई से लेकर बीमारी रोकने तक...

सेहत के साथ-साथ साफ-सफाई और बीमारी रोकने के लिए जो तेजी से काम हुआ है, वह भी पंजाब की प्रशासनिक कार्यशैली का नया चेहरा बन गया है. अब तक 1,861 गांवों में मच्छरों के प्रजनन स्थलों की जांच हुई है, जिसमें 1,08,770 घरों की स्क्रीनिंग की गई, और 2,163 घरों में लार्वा मिलने पर तुरंत कार्रवाई करते हुए 23,630 घरों में लार्वीसाइड का छिड़काव किया गया. इसके अलावा 878 गांवों में फॉगिंग की गई, ताकि डेंगू और मलेरिया जैसे खतरों को जड़ से खत्म किया जा सके. फॉगिंग की रफ्तार ऐसी है कि एक ही दिन में कई गांव कवर हो रहे हैं. कोई कोना, कोई गली, कोई घर सरकार की नजर से छूटा नहीं है. यह सब सिर्फ आंकड़े नहीं हैं, यह उस सोच का परिणाम है, जो जनता को अपने परिवार की तरह देखती है. जब सरकार का हर मंत्री, विधायक, अधिकारी और कर्मचारी मैदान में हो, जब टीमों के पास आधुनिक संसाधन, मेडिकल उपकरण और तकनीकी ताकत हो, और जब काम करने की मंशा साफ हो, तब बदलाव सिर्फ एक सपना नहीं, एक हकीकत बन जाता है.

'सरकार जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटती'

आज पंजाब के गांवों में सिर्फ दवाइयां नहीं पहुंच रहीं, वहां एक संदेश पहुंच रहा है, कि सरकार जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटती, वह आगे बढ़कर अपना फर्ज निभाती है. मान सरकार का ये हेल्थ मिशन अब सिर्फ सरकारी पहल नहीं, जनता के भरोसे का प्रतीक बन गया है. और यही वजह है कि आज पंजाब की आवाज़ साफ सुनाई दे रही है, ए सरकार नहीं, साडी सेवा है… ते आम आदमी पार्टी दी सरकार तां सच्चे अर्थां विच साडी सरकार है!