पंजाब में कबीर जयंती के अवसर पर 29 जून को सरकारी अवकाश रहेगा. राज्य सरकार ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए सभी सरकारी कार्यालयों, बोर्डों, निगमों और अन्य सरकारी संस्थानों को बंद रखने का निर्णय लिया है. इस दिन संत कबीर दास की जयंती श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई जाएगी.
राज्य सरकार के फैसले के अनुसार 29 जून को पूरे पंजाब में सार्वजनिक अवकाश रहेगा. इस दौरान सरकारी कार्यालयों में नियमित कामकाज नहीं होगा. सभी विभागों, बोर्डों और सरकारी निगमों में छुट्टी लागू रहेगी. सरकार का कहना है कि यह अवकाश संत कबीर दास के जीवन और उनके विचारों के सम्मान में घोषित किया गया है. हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस दिन विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेते हैं और उनकी शिक्षाओं को याद करते हैं.
कबीर जयंती पंजाब के कई क्षेत्रों में विशेष महत्व रखती है. इस अवसर पर धार्मिक सभाओं, भजन-कीर्तन और सत्संग कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है. श्रद्धालु संत कबीर के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास करते हैं. उनके विचार सामाजिक समरसता, मानवता और भाईचारे का संदेश देते हैं. यही कारण है कि उनकी जयंती को लोग पूरे सम्मान और आस्था के साथ मनाते हैं.
राज्य में इस समय भीषण गर्मी का असर बना हुआ है. इसी वजह से सरकारी और निजी स्कूलों में पहले से ही ग्रीष्मकालीन अवकाश चल रहा है. ऐसे में कबीर जयंती की छुट्टी का असर शैक्षणिक संस्थानों पर अलग से नहीं पड़ेगा. विद्यार्थी और शिक्षक पहले से ही अवकाश पर हैं तथा स्कूलों में नियमित कक्षाएं फिलहाल संचालित नहीं हो रही हैं.
तेज गर्मी और लू के चलते पंजाब सरकार ने हाल के दिनों में कई प्रशासनिक कदम उठाए हैं. सरकारी कार्यालयों के कामकाज का समय भी बदला गया है ताकि कर्मचारियों को राहत मिल सके. मौसम की स्थिति को देखते हुए सरकार लगातार आवश्यक निर्देश जारी कर रही है. ऐसे माहौल में कबीर जयंती का अवकाश लोगों को अतिरिक्त सुविधा और आराम का अवसर भी प्रदान करेगा.