जालंधर के लोगों को लंबे समय से रेलवे फाटकों पर लगने वाले जाम और घंटों की देरी से जल्द राहत मिलने की उम्मीद है. शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए दो महत्वपूर्ण रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) परियोजनाओं की शुरुआत होने जा रही है. इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद शहर और कैंट क्षेत्र के बीच आवाजाही कहीं ज्यादा सुगम और सुरक्षित हो जाएगी.
केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू 24 जून को गुरु नानकपुरा फाटक बी-67 और गढ़ा फाटक एस-4 पर बनने वाले रेलवे ओवरब्रिज का शिलान्यास करेंगे. इन दोनों परियोजनाओं पर कुल 112.93 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. कार्यक्रम में रेलवे और भाजपा के कई वरिष्ठ अधिकारी और नेता भी मौजूद रहेंगे. शिलान्यास समारोह के कारण गुरु नानकपुरा फाटक को सुबह 6 बजे से शाम 6 बजे तक बंद रखा जाएगा.
रेलवे के अनुसार, गुरु नानकपुरा ओवरब्रिज के निर्माण पर 48.95 करोड़ रुपये और गढ़ा फाटक परियोजना पर 63.98 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. दोनों परियोजनाओं का उद्देश्य रेलवे क्रॉसिंग पर निर्भरता कम करना और ट्रैफिक को निर्बाध बनाना है.
गुरु नानकपुरा फाटक जालंधर के सबसे व्यस्त रेलवे फाटकों में गिना जाता है. यहां से प्रतिदिन लगभग 110 ट्रेनें गुजरती हैं, जिसके कारण अक्सर लंबा जाम लगता है. निर्माण कार्य शुरू होने के बाद इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों को वैकल्पिक रास्तों से भेजना प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण होगा.
विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रैफिक दबाव को संभालने के लिए पीएपी सर्विस लेन का निर्माण जल्द पूरा होना बेहद आवश्यक है. वर्तमान में अधिकांश ट्रैफिक इसी क्षेत्र से होकर गुजरता है. यदि वैकल्पिक मार्ग समय पर तैयार नहीं हुए, तो शहर के कई हिस्सों में यातायात प्रभावित हो सकता है.
गुरु नानकपुरा रेलवे क्रॉसिंग पर आधुनिक स्टील बोस्ट्रिंग ब्रिज का निर्माण किया जाएगा. इससे पहले इसी तरह का ढांचा लद्देवाली क्षेत्र में बनाया जा चुका है. इस बार परियोजना की पूरी लागत रेलवे वहन करेगा, जिससे निर्माण कार्य को गति मिलने की उम्मीद है.
ओवरब्रिज निर्माण के दौरान सीवरेज लाइन, पानी की पाइपलाइन और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं को स्थानांतरित करना होगा. लद्देवाली आरओबी परियोजना की तरह यहां भी कई तकनीकी और इंजीनियरिंग चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है. हालांकि रेलवे और निर्माण एजेंसियों का दावा है कि सभी कार्य तय समयसीमा के भीतर पूरे करने का प्रयास किया जाएगा.