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India Daily

'हाय मर गए, सब खत्म हो गया...', बाढ़ से टूटा बांध, कई एकड़ फसल बर्बाद, किसानों की लाचारी का वीडियो देख नहीं रुकेंगे आंसू

पंजाब में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने बाढ़ जैसे हालात पैदा कर दिए हैं. सुल्तानपुर लोधी के आहली कलां गांव में किसानों द्वारा बनाया गया अस्थायी बांध पानी के भारी दबाव के चलते टूट गया, जिससे हजारों एकड़ फसलें जलमग्न हो गईं.

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Edited By: Garima Singh
'हाय मर गए, सब खत्म हो गया...', बाढ़ से टूटा बांध, कई एकड़ फसल बर्बाद, किसानों की लाचारी का वीडियो देख नहीं रुकेंगे आंसू
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Punjab flood: पंजाब में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने बाढ़ जैसे हालात पैदा कर दिए हैं. सुल्तानपुर लोधी के आहली कलां गांव में किसानों द्वारा बनाया गया अस्थायी बांध पानी के भारी दबाव के चलते टूट गया, जिससे हजारों एकड़ फसलें जलमग्न हो गईं. स्थानीय निवासियों और संतों ने दिन-रात एक कर बांध को मजबूत करने की कोशिश की, लेकिन प्रकृति के प्रकोप के आगे उनकी मेहनत बेकार साबित हुई.

इस आफत के बीच किसानों का एक वीडियो सामने आया है जिसे देख कर आपका दिल टूट जाएगा. वीडियो में बाढ़ का पानी खेत की मेढ़ को तोड़ते हुए खेतों में घुसता दिखाई दे रहा है. जिससे कई एकड़ की फसल बर्बाद होती दिख रही है. वीडियो में किसान को,'होये मर गए, सब बर्बाद हो गया, ख़त्म हो गया...' कहते हुए सुना जा सकता है. मौसम विभाग ने 26 और 27 अगस्त 2025 को फिर से भारी बारिश की चेतावनी जारी की है, जिससे ब्यास नदी का जलस्तर और बढ़ने की आशंका है. इससे बाढ़ का खतरा और गंभीर हो गया है.

रेलवे सेवाएं प्रभावित, चक्की खड्ड पुल बंद

बाढ़ की स्थिति ने रेलवे सेवाओं को भी प्रभावित किया है. पठानकोट के पास चक्की खड्ड पर स्थित ब्रिटिश काल के रेलवे पुल की डाउन लाइन को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है. अप लाइन के जरिए कुछ ट्रेनों का संचालन हो रहा है, लेकिन यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है. प्रशासन और स्थानीय समुदाय बांध की मरम्मत और बाढ़ से बचाव के लिए निरंतर प्रयास कर रहे हैं, लेकिन लगातार बढ़ता जलस्तर चुनौतियां बढ़ा रहा है.

2023 की त्रासदी ने फिर दोहराया इतिहास

यह कोई पहला मौका नहीं है जब आहली कलां में बांध टूटने से तबाही मची हो. साल 2023 में भी इसी स्थान पर बांध टूटा था, जिसके कारण लगभग 35 गांवों की हजारों एकड़ फसलें बर्बाद हो गई थीं. उस तबाही के जख्म अभी ताजा थे कि 2025 में ब्यास नदी ने फिर से कहर बरपाया. कई घर, पुल और फसलें पानी में डूब गए, जबकि कुछ मकान पूरी तरह ढह गए. स्थानीय किसान और निवासी अपनी आजीविका के नुकसान से सदमे में हैं.

मौसम विभाग की चेतावनी

मौसम विभाग ने जालंधर, होशियारपुर, कपूरथला, तरनतारन, अमृतसर, गुरदासपुर, पठानकोट, पटियाला, फतेहगढ़ साहिब और रूपनगर जैसे जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. 27 अगस्त को विशेष रूप से पठानकोट और गुरदासपुर में मूसलाधार बारिश की संभावना है. विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है. खासकर ब्यास नदी के किनारे बसे सीमावर्ती गांवों में हाई अलर्ट जारी किया गया है.