'किसी समुदाय को निशाना बनाना गलत...', भोजशाला फैसले पर दिग्विजय सिंह का बड़ा बयान

दिग्विजय सिंह ने भोजशाला फैसले पर कहा कि अंतिम निर्णय सुप्रीम कोर्ट करेगा. उन्होंने NEET विवाद, महंगाई, बेरोजगारी और पेट्रोल-डीजल कीमतों को लेकर भी केंद्र सरकार पर हमला बोला.

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Km Jaya

भोपाल: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह शुक्रवार यानी 5 मई को इंदौर पहुंचे. भोजशाला मामले में आए फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि पूरे फैसले का गहराई से अध्ययन किया जाएगा और आगे की कार्रवाई संविधान, स्थापित नियमों और परंपराओं के अनुसार ही तय की जानी चाहिए. 

उन्होंने कहा कि भोजशाला ASI द्वारा संरक्षित स्थल है और चूंकि इससे जुड़े कई धार्मिक मामले पहले से ही सुप्रीम कोर्ट में लंबित हैं, इसलिए अंतिम फैसला आखिरकार सर्वोच्च न्यायालय ही करेगा. दिग्विजय सिंह ने आगे कहा कि सामाजिक सौहार्द से जुड़े इस संवेदनशील दौर में किसी एक समुदाय को निशाना बनाना गलत है. उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि फैसले पूरी तरह से कानून के दायरे में ही लिए जाने चाहिए.

NEET परीक्षा पर क्या बोले?

NEET परीक्षा पर बोलते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि एक समिति ने NEET में होने वाली गड़बड़ियों को रोकने के उपायों पर एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपी थी लेकिन सरकार ने उस पर कोई कार्रवाई नहीं की. NEET परीक्षा में बार-बार सामने आ रहे घोटाले युवाओं के भविष्य के साथ सबसे बड़ा धोखा हैं. जहां छोटी मछलियां यानी छोटे-मोटे दलाल तो पकड़े जा रहे हैं, वहीं असली बड़ी मछलियां अभी भी आजाद घूम रही हैं. 

प्रधानमंत्री को तत्काल शिक्षा मंत्री का इस्तीफा मांगना चाहिए और NTA के चेयरमैन को पद से हटा देना चाहिए. देश भर के लाखों छात्रों की कड़ी मेहनत दांव पर लगी है. अब  जवाबदेही तय करना बेहद जरूरी हो गया है.

पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर क्या बोले?

पेट्रोल और डीजल की आसमान छूती कीमतों पर बात करते हुए उन्होंने याद दिलाया कि PM मोदी ने 2014 में अच्छे दिन लाने का वादा किया था. आज उन्होंने कहा कि सरकार खुद ही यह मान रही है कि वे अच्छे दिन अभी तक नहीं आए हैं. इसके बजाय जनता को हर मोर्चे पर संकट का सामना करना पड़ रहा है.

पेट्रोल महंगा है, डीजल महंगा है और हर चीज की कीमतें आसमान छू रही हैं. पहले वे आरोप लगाते थे कि कांग्रेस के सदस्य लोगों के मंगलसूत्र चुरा लेंगे लेकिन अब वे असल में लोगों से कह रहे हैं कि सोना न खरीदें, विदेश यात्रा न करें और तेल का इस्तेमाल कम करें. वे विकसित भारत की बात करते थे फिर भी आज भारत की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से पटरी से उतर चुकी है और लगातार बिगड़ती जा रही है.