आग उगलती कार ने बेंगलुरु की सड़कों पर मचाया तांडव, ट्रैफिक पुलिस ने कार मालिक पर ठोका 1 लाख से ज्यादा का जुर्माना
बेंगलुरु में ट्रैफिक नियमों की अनदेखी एक कार मालिक को भारी पड़ गई. अवैध रूप से मॉडिफाई किए गए साइलेंसर से तेज आवाज और आग की लपटें निकलने के मामले में ट्रैफिक पुलिस ने कार जब्त कर ली.
पिछले कुछ समय से बेंगलुरु की सड़कों पर मॉडिफाइड गाड़ियों का चलन बढ़ता जा रहा है, जो आम लोगों की सुरक्षा के लिए खतरा बन रहा है. तेज आवाज, पटाखे जैसी धमाके की आवाज और आग उगलते साइलेंसर न सिर्फ ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि सड़क पर चल रहे लोगों में डर भी पैदा करते हैं.
इसी कड़ी में हेनूर ट्रैफिक पुलिस ने एक ऐसे ही मामले में सख्ती दिखाई है. पुलिस का कहना है कि इस तरह के मॉडिफिकेशन से दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ जाता है, इसलिए ऐसे मामलों में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरती जाएगी.
साइलेंसर से निकल रही थी आग
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जब कार सड़क पर चल रही थी, तब उसके साइलेंसर से तेज और कर्कश आवाज के साथ आग की लपटें निकल रही थीं. यह नजारा सड़क पर मौजूद अन्य वाहन चालकों और राहगीरों के लिए बेहद खतरनाक था. इस वजह से ट्रैफिक में अफरा-तफरी की स्थिति भी बन सकती थी.
मौके पर पहुंची ट्रैफिक पुलिस
घटना की जानकारी मिलते ही हेनूर ट्रैफिक पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की. कार को रोककर जांच की गई, जिसमें अवैध मॉडिफिकेशन की पुष्टि हुई. नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर पुलिस ने वाहन को मौके पर ही जब्त कर लिया और कानूनी प्रक्रिया शुरू की.
भारी जुर्माने के साथ केस दर्ज
इस मामले में कार मालिक पर मोटर व्हीकल एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत कुल 1,11,500 रुपये का जुर्माना लगाया गया है. पुलिस ने बताया कि यह जुर्माना अवैध साइलेंसर, खतरनाक मॉडिफिकेशन और सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे में डालने के आरोपों के तहत लगाया गया है.
जनता की सुरक्षा सर्वोपरि
पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा है कि इस तरह के मॉडिफिकेशन किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे. आग उगलती या तेज आवाज करने वाली गाड़ियां कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती हैं, जिससे जान-माल का नुकसान हो सकता है.
ट्रैफिक पुलिस की सख्त चेतावनी
बेंगलुरु ट्रैफिक पुलिस ने सभी वाहन चालकों से अपील की है कि वे अपने वाहनों में किसी भी तरह का गैरकानूनी बदलाव न करें. भविष्य में ऐसे मामलों में और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी. नियमों का पालन ही सुरक्षित सड़क और सुरक्षित शहर की पहचान है.