आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI का इस्तेमाल अब ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों की पहचान के लिए भी किया जा रहा है. लेकिन बेंगलुरु में AI ट्रैफिक कैमरे की एक ऐसी गलती सामने आई है, जिसने इस तकनीक की सटीकता पर सवाल खड़े कर दिए हैं. यहां एक कैमरे ने बाइक सवार की पीठ पर बंधे गिटार को बिना हेलमेट वाला पीछे बैठा यात्री समझ लिया. इसके बाद बिना हेलमेट सवारी करने के आरोप में ₹500 का चालान जारी कर दिया गया. दिलचस्प बात यह है कि बाइक पर उस समय कोई पीछे बैठा व्यक्ति था ही नहीं. शख्स अपनी पत्नी की टू व्हीलर खुद चला रहा था और उसके पीछे सिर्फ गिटार बंधा हुआ था.
यह मामला 15 सितंबर 2026 का बताया जा रहा है. सौविक दत्ता नाम के एक व्यक्ति ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी तस्वीर शेयर की. तस्वीर में वह हेलमेट पहनकर बाइक चलाते हुए नजर आ रहे हैं और उनकी पीठ पर गिटार बंधा हुआ है. दत्ता के मुताबिक, AI आधारित ट्रैफिक सिस्टम ने उनके पीछे बंधे गिटार को एक व्यक्ति समझ लिया. इसके बाद उनकी पत्नी के नाम ₹500 का चालान जारी कर दिया गया. चालान में बिना हेलमेट पीछे बैठने का उल्लंघन दर्ज किया गया था.
I was riding my wife's two-wheeler alone with my guitar slung on my back in Bangalore. @blrcitytraffic my wife received a traffic challan (notice no. 86202541) for "pillion riding without helmet". So much for AI based traffic violation detection! Pls revoke the challan #AISlop pic.twitter.com/fYCn9OoUNQ
— Souvik Dutta (@souvikonline) September 26, 2026
दत्ता ने बाद में बेंगलुरु ट्रैफिक पुलिस को टैग करते हुए इस मामले की शिकायत की. उन्होंने सवाल उठाया कि अगर AI आधारित ट्रैफिक सिस्टम किसी गिटार को इंसान समझ सकता है, तो ऐसे सिस्टम से मिलने वाले चालानों की सटीकता कैसे सुनिश्चित की जा रही है. उन्होंने अपने पोस्ट में चालान का नोटिस नंबर भी साझा किया और ट्रैफिक पुलिस से इसे रद्द करने का अनुरोध किया.
दत्ता की शिकायत पर बेंगलुरु ट्रैफिक पुलिस ने भी जवाब दिया. पुलिस ने उन्हें संबंधित ईमेल आईडी और फोन नंबर के जरिए मामले को सुधारने के लिए संपर्क करने की जानकारी दी. इसके बाद दत्ता ने रविवार को एक कमेंट के जवाब में बताया कि उनका चालान रद्द कर दिया गया है. यानी जांच के बाद पुलिस ने यह मान लिया कि इस मामले में जारी किया गया चालान सही नहीं था.
बेंगलुरु ट्रैफिक पुलिस की वेबसाइट के मुताबिक, शहर में Intelligent Traffic Enforcement Management System यानी ITEMS का इस्तेमाल किया जाता है. इस सिस्टम में ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन यानी ANPR कैमरों के साथ violation evidence कैमरे भी शामिल हैं.