गैस चैंबर बनी राजधानी, स्कूल बंद, कर्मचारियों को घर से काम...ग्रैप-4 के तहत दिल्ली में लागू हुईं ये पाबंदियां
दिल्ली में आज वायु गुणवत्ता सूचकांक 450 के ऊपर निकल गया, जिसके बाद राजधानी में ग्रैप-4 की पाबंदियां लागू की गई हैं.
राजधानी दिल्ली गैस का चैंबर बन चुकी है. यहां रहना मतलब हर वक्त मौत को दावत देने जैसा है. बच्चे, बुजुर्ग, जवान सभी हर मिनट केवल जहरीली हवा में सांस लेने को मजबूर हैं. शनिवार शाम को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 450 यानी गंभीर+ की श्रेणी को भी पार कर गया, जिसके तुरंत बाद रेखा गुप्ता सरकार को तत्काल प्रभाव से ग्रैप-4 की पाबंदियां लागू करनी पड़ीं. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार शनिवार शाम दिल्ली का पूरा एक्यूआई 448 दर्ज किया गया.
किन चीजों पर रहेगी पाबंदी
ग्रैप-4 के अंतर्गत ग्रैप-3 के अलावा अतिरिक्त पाबंदियां लागू की गई हैं.
1. ग्रैप-4 के तहत आवश्यक वस्तुओं या आवश्यक सेवाओं को ले जाने वाले ट्रकों को छोड़कर, दिल्ली में ट्रकों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है. हालांकि एलएनजी, सीएनजी, इलेक्ट्रिक और बीएस वीआई डीजल ट्रकों को शहरों में प्रवेश की अनुमति मिलेगी.
2. इलेक्ट्रिक, सीएनजी, बीएस-वीआई डीजल वाहनों या उन वाहनों के जो आवश्यक वस्तुओं का परिवहन करते हैं, के अलावा दिल्ली के बाहर पंजीकृत हल्के वाहनों को शहर में एंट्री नहीं मिलेगी.
3. सभी निर्माण गतिविधियों पर प्रतिबंध रहेगा जिसमें राजमार्ग, सड़कें, फ्लाईओवर, ओवरब्रिज आदि सभी के निर्माण पर पूर्ण पाबंदी रहेगी.
4. दिल्ली में कक्षा 6 से 9 और कक्षा 11 की भौतिक कक्षाओं पर पाबंदी लगाकर उन्हें ऑनलाइन मोड में चलाने की अनुमति दी गई है.
5. केंद्र सरकार अपने कार्यालयों में कार्यरत कर्मचारियों को घर से काम करने की अनुमति देने के संबंध में भी फैसला ले सकती हैं.
6. राज्य सरकारें कॉलेजों और शैक्षणिक संस्थानों को बंद करने, आपातकालीन वाणिज्यिक गतिविधइयों को बंद करने और पंजीकरण संख्या के आधार पर ऑड-इवन का नियम लागू करने के संबंध में भी फैसला ले सकती है.