बिहार चुनाव 2025: 'छठी मईया का अपमान बर्दाश्त नहीं', PM मोदी ने राहुल-तेजस्वी पर किया पलटवार

मुजफ्फरपुर में रैली के दौरान पीएम मोदी ने RJD और कांग्रेस पर छठी मईया का अपमान करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि सूर्यदेव को अर्घ्य देना ड्रामा बताना आस्था का अपमान है.

X
Reepu Kumari

मुजफ्फरपुर: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुजफ्फरपुर के मोतीपुर में एक बड़ी जनसभा को संबोधित करते हुए राजद और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि इन दलों ने छठी मईया और सूर्यदेव की आस्था का अपमान किया है. पीएम मोदी ने जनता से कहा कि यह वही लोग हैं जो बिहार की परंपराओं और संस्कृति का मजाक उड़ाते हैं.

उन्होंने कहा कि छठ पूजा को ड्रामा कहने वाले बयानों को बिहार कभी नहीं भूलेगा. पीएम ने इसे आस्था के खिलाफ राजनीति बताया और लोगों से सचेत रहने की अपील की.

पीएम मोदी ने क्या कहा छठी मईया के अपमान पर?

पीएम मोदी ने कहा कि छठ पूजा करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़ा पर्व है. 'जो लोग सूर्यदेव को अर्घ्य देने को ड्रामा कहते हैं, वे बिहार की संस्कृति का मज़ाक उड़ा रहे हैं.' उन्होंने कहा कि यह केवल एक धार्मिक पर्व नहीं बल्कि बिहार की माताओं-बहनों की निष्ठा और तपस्या का प्रतीक है. पीएम मोदी ने कहा कि छठी मईया का अपमान किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे अपनी आस्था का सम्मान करने वालों के साथ खड़े हों.

पीएम ने क्यों साधा निशाना RJD और कांग्रेस पर?

पीएम  मोदी ने अपने भाषण में कहा कि राजद और कांग्रेस के नेताओं ने हमेशा बिहार की परंपराओं को नीचा दिखाने का प्रयास किया है. उन्होंने आरोप लगाया कि ये दल केवल वोट बैंक की राजनीति करते हैं और जनता की भावनाओं से खिलवाड़ करते हैं. मोदी ने कहा कि जब जनता अपनी संस्कृति की रक्षा के लिए आगे आती है, तो ये पार्टियां उसे ड्रामा कहकर कमजोर करने की कोशिश करती हैं. उन्होंने कहा कि अब बिहार की जनता इन दलों के असली चेहरे को पहचान चुकी है.

बिहार की जनता से क्या अपील की पीएम ने?

पीएम मोदी ने कहा कि बिहार के लोगों को अपनी आस्था, संस्कृति और परंपराओं की रक्षा करनी होगी. उन्होंने कहा कि जो लोग छठ पूजा जैसी परंपरा को नाटक कहते हैं, उन्हें वोट की ताकत से जवाब दो. मोदी ने लोगों से अपील की कि वे धर्म, आस्था और परंपरा को राजनीति से ऊपर रखें. उन्होंने यह भी कहा कि बिहार के लोग अपने परिश्रम, आस्था और त्याग के लिए जाने जाते हैं और ऐसे लोग अपमान को कभी बर्दाश्त नहीं करते.