रोहित शर्मा ने टेस्ट क्रिकेट से लिया संन्यास, जानें हिटमैन ने अचानक क्यों लिया ये फैसला

Rohit Sharma: रोहित शर्मा ने बड़ा फैसला लेते हुए टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है. बता दें कि अब हिटमैन भारत के लिए सफेद जर्सी में खेलते हुए दिखाई नहीं देने वाले हैं लेकिन वनडे फॉर्मेट में वे टीम इंडिया के लिए खेलना जारी रखेंगे.

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Praveen Kumar Mishra

Rohit Sharma: भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान रोहित शर्मा ने टेस्ट क्रिकेट से तुरंत प्रभाव से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया है. 38 वर्षीय रोहित ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर इस फैसले की जानकारी दी. रोहित पहले ही टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं, जो उन्होंने पिछले साल टी20 विश्व कप जीतने के बाद किया था. 

इस खबर ने क्रिकेट प्रशंसकों को चौंका दिया है, क्योंकि रोहित टेस्ट क्रिकेट में भारत के सबसे अनुभवी और सफल बल्लेबाजों में से एक रहे हैं. हालांकि, उन्होंने अचानक से संन्यास का ऐलान किया है.

रोहित शर्मा ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए दी जानकारी

रोहित ने अपने संन्यास की घोषणा एक भावुक पोस्ट के जरिए की. उन्होंने लिखा, "सभी को नमस्ते, मैं यह बताना चाहता हूं कि मैं टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले रहा हूं. सफेद जर्सी में अपने देश का प्रतिनिधित्व करना मेरे लिए बहुत बड़ा सम्मान रहा. इन वर्षों में आपके प्यार और समर्थन के लिए धन्यवाद. मैं वनडे प्रारूप में भारत का प्रतिनिधित्व करना जारी रखूंगा." इस पोस्ट के बाद सोशल मीडिया पर प्रशंसकों ने रोहित के योगदान की तारीफ की और उनके भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं.

टेस्ट करियर का शानदार सफर

रोहित शर्मा ने अपने टेस्ट करियर में 116 पारियों में 4301 रन बनाए, जिसमें 12 शतक और 18 अर्धशतक शामिल हैं. उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 2019 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ विशाखापट्टनम में खेली गई 176 रनों की पारी थी. रोहित ने टेस्ट क्रिकेट में सलामी बल्लेबाज के रूप में शानदार प्रदर्शन किया और कई मौकों पर भारत को मुश्किल परिस्थितियों से निकाला. उनकी कप्तानी में भारत ने कई यादगार जीत हासिल कीं, जिसमें 2021 में इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज और ऑस्ट्रेलिया में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी शामिल हैं.

आखिरी टेस्ट और फॉर्म में गिरावट

रोहित का आखिरी टेस्ट मैच दिसंबर 2024 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न में खेला गया था. इस बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के चौथे टेस्ट में उनका प्रदर्शन औसत रहा. लगातार खराब फॉर्म के चलते रोहित ने सिडनी में खेले गए पांचवें टेस्ट से खुद को बाहर कर लिया था. इस दौरान उनकी कप्तानी और बल्लेबाजी दोनों पर सवाल उठे थे.