BRICS 2026

अब मैच खेलोगे तभी मिलेगा सालाना सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट, BCCI के नए नियम से बढ़ेगी खिलाड़ियों की परेशानी!

बीसीसीआई सालाना सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट के नियमों में बड़ा बदलाव करने जा रही है. अब खिलाड़ियों के प्रदर्शन के साथ-साथ मैचों के लिए उनकी उपलब्धता और फिटनेस भी कॉन्ट्रैक्ट का आधार बनेगी.

@mufaddal_vohra
Sagar Bhardwaj

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) अपने खिलाड़ियों को मिलने वाले सालाना सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट के नियमों में बड़े बदलाव पर विचार कर रहा है. अब तक खिलाड़ियों को उनकी सीनियरिटी और पिछले प्रदर्शन के आधार पर अनुबंध दिया जाता था. हालांकि, नए प्रस्तावित नियम के तहत अब 'मैच के लिए उपलब्धता' को प्रमुख शर्त बनाया जा सकता है. इसका सीधा मतलब है कि खिलाड़ियों को यह साबित करना होगा कि वे राष्ट्रीय टीम के लिए कितने मैचों में खेलने के लिए फिट और उपलब्ध रहे हैं.

फिटनेस और उपलब्धता पर बीसीसीआई की सख्ती

हाल के महीनों में भारतीय टीम के कई मुख्य खिलाड़ियों के लगातार चोटिल होने और महत्वपूर्ण मैचों से बाहर रहने के कारण बोर्ड ने यह कदम उठाने का मन बनाया है. बीसीसीआई एक ऐसे फॉर्मूले पर काम कर रहा है जिसके तहत पूरे सीजन में खिलाड़ी की उपलब्धता पर नजर रखी जाएगी. बोर्ड एक न्यूनतम मैच सीमा तय कर सकता है, जिसे पूरा करने पर ही खिलाड़ी सालाना सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट के हकदार होंगे.

शुरुआती चरण में है विचार विमर्श

सूत्रों के अनुसार, यह प्रस्ताव अभी शुरुआती चरण में है और बोर्ड के भीतर इस पर आंतरिक चर्चा चल रही है. बीसीसीआई इस बात का आकलन कर रहा है कि इस नियम को लागू करना व्यावहारिक होगा या नहीं. यदि यह नियम लागू होता है, तो केवल शानदार प्रदर्शन ही काफी नहीं होगा, बल्कि करोड़ों रुपये का कॉन्ट्रैक्ट पाने के लिए खिलाड़ियों को लगातार फिट और टीम के लिए उपलब्ध भी रहना पड़ेगा.