Asia Cup 2025: 'इंटरनेशनल बेइज्जती' से बचने के लिए पाइक्रॉफ्ट के माफी की अफवाह फैला रहा पाकिस्तान! वीडियो में दिखा झूठा दावा

Asia Cup 2025: पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने भारत के खिलाफ हुए मुकाबले के दौरान हैंडशेक विवाद के बाद मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट को हटाने की मांग की थी. हालांकि, आईसीसी ने इसे ठुकरा दिया था और अब पाक यह दावा कर रहा है कि पाइक्रॉफ्ट ने इसके लिए माफी मांग ली है.

Social Media
Praveen Kumar Mishra

Asia Cup 2025: एशिया कप 2025 में पाकिस्तान क्रिकेट टीम और आईसीसी के बीच एक नया विवाद सामने आया है. इस बार मामला है मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट को लेकर, जिसके बारे में पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने दावा किया कि उन्होंने पाकिस्तानी टीम से माफी मांगी. लेकिन पाकिस्तान का यह दावा झूठा साबित होता हुआ दिखाई दे रहा है.

एशिया कप 2025 में यूएई के खिलाफ एक मुकाबले में पाकिस्तान की टीम ने समय पर मैदान में उतरने से इनकार कर दिया था. वजह थी उनका मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट को हटाने की मांग, जिसे आईसीसी ने ठुकरा दिया. इसके बाद पाकिस्तानी टीम देर से दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम पहुंची. रात 8 बजे शुरू होने वाला मैच एक घंटे की देरी से यानी 9 बजे शुरू हुआ. इस दौरान पाइक्रॉफ्ट ही मैच रेफरी की भूमिका में थे और टॉस के लिए भी मैदान पर आए. 

पीसीबी का वीडियो और माफी का दावा

पीसीबी ने एक वीडियो शेयर किया, जिसमें पाइक्रॉफ्ट को पाकिस्तानी टीम के मैनेजर, कोच और कप्तान के साथ देखा जा सकता है. लेकिन इस वीडियो में कोई आवाज नहीं है, जिससे यह साफ नहीं होता कि वास्तव में क्या बात हुई. पीसीबी ने अपने बयान में कहा कि पाइक्रॉफ्ट ने 14 सितंबर को हुई एक घटना को गलतफहमी बताया और इसके लिए माफी मांगी. 

हालांकि, विश्वसनीय सूत्रों का कहना है कि माफी जैसी कोई बात नहीं हुई. एक सूत्र ने बताया, "पाइक्रॉफ्ट ने कोई गलती की ही नहीं थी, तो माफी का सवाल ही नहीं उठता." यह सवाल उठता है कि क्या पीसीबी ने अपने दावे को सही ठहराने के लिए यह वीडियो शेयर किया?

आईसीसी की जांच और सच्चाई

आईसीसी ने 14 सितंबर के मैच के दौरान हुए आचार संहिता उल्लंघन की जांच शुरू करने की बात कही है. बताया जा रहा है कि पाइक्रॉफ्ट ने पाकिस्तानी कप्तान सलमान अली आगा, मैनेजर नवीद अकरम चीमा और कोच माइक हेसन के साथ एक बैठक की थी.

इस बैठक में पाइक्रॉफ्ट ने सिर्फ संभावित गलतफहमी को साफ करने की कोशिश की थी न कि माफी मांगी. टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार पाइक्रॉफ्ट ने इस मामले को सुलझाने के लिए एक सुझाव दिया था लेकिन माफी की बात पूरी तरह आधारहीन है.