अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त रूप से ईरान पर हमला किया. इस हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर के भी मारे जाने की खबर है. इसी बीच अमेरिकी नौसेना द्वारा एक वीडियो जारी किया गया है. जिसमें युद्धपोत से RGM-109 टॉमहॉक लैंड-अटैक मिसाइल को लॉन्च होते देखा जा सकते हैं.
अमेरिकी नौसेना द्वारा शेयर की गई इस वीडियो ने दुनिया भर के लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है. ऐसा इसलिए क्योंकि अमेरिका के सफेद टॉमहॉक मिसाइल को कई बार देखा गया है लेकिन पहली बार ब्लैक टॉमहॉक क्रूज मिसाइल दुनियाके सामने आया है.
अमेरिका ने पहली बार ब्लैक वैरिएंट का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ हमले के लिए किया है. अमेरिका के इस रहस्यमय हथियार के बारे में लोग चर्चा कर रहे हैं. आम तौर पर मिसाइले सफेद या ग्रे रंग की होती है, लेकिन पहली बार काले रंग की मिसाइल ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खिंचा है.
इस मिसाइल की तुलना US नेवी की इन्वेंट्री में मौजूद स्टेल्थी AGM-158C लॉन्ग-रेंज एंटी-शिप मिसाइल से की जा रही है. यह एक एडवास्ंड क्रूज मिसाइल है, जो बाकी मिसाइलों से थोड़ी अलग नजर आती है. हालांकि कहा यह भी जा रहा है कि अमेरिका द्वारा शायद अब बनाए जा रहे मिसाइलों को शायद अब काले रंग से पेंट किया जा रहा हो. एक्सपर्ट इसके पीछे हथियारों के असर बढ़ाने का भी मकसद बता रहे हैं.
कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि पानी के ऊपर से उड़ते समय काले रंग को देखना थोड़ा मुश्किल होता है तो शायद इसी स्ट्रैटजी के साथ अमेरिका ने अपने मिसाइलों को पेंट किया हो. दूसरी संभावना यह भी जताई जा रही है कि शायद नई कोटिंग केवल मैरीटाइम स्ट्राइक टॉमहॉक मिसाइलों पर लगाया गया हो. जिसे MST भी कहा जाता है.
टॉमहॉक मिसलाइलों का यह अपडेटेड वर्जन है. जो लंबी दूरी तक हमला करने में सक्षम है. कुछ रिपोर्ट के मुताबिक MST टैक्टिकल टॉमहॉक का सबसे लेटेस्ट वर्जन है. इसे V वेरिएंट का सबवेरिएंट भी कहा जाता है. इसमें मल्टी-मोड गाइडेंस सिस्टम भी शामिल किया गया है. जिसमें फायर किए जाने के बाद टारगेट बदलने की भी क्षमता है.