संघर्षविराम के बीच नया संकट, होर्मुज में फिर भड़की चिंगारी; अमेरिका ने मार गिराए ईरानी ड्रोन
अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य में दो ईरानी ड्रोन मार गिराने का दावा किया है. ईरान और अमेरिका दोनों एक-दूसरे पर संघर्षविराम उल्लंघन का आरोप लगा रहे हैं, जिससे क्षेत्र में तनाव फिर बढ़ गया है.
नई दिल्ली: अमेरिका ने शनिवार को कहा कि उसने होर्मुज जलडमरूमध्य के ऊपर दो ईरानी हमलावर ड्रोन मार गिराए हैं, क्योंकि उन्हें अंतरराष्ट्रीय शिपिंग के लिए खतरा माना गया था. यह तनाव का एक और संकेत है जो वाशिंगटन और तेहरान के बीच कमजोर पड़ती युद्ध-विराम संधि की परीक्षा ले रहा है, जबकि युद्ध खत्म करने के लिए शांति समझौते की बातचीत खिंचती जा रही है.
एक बयान में अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने कहा कि अमेरिकी सेना ने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जलमार्ग में वन-वे अटैक ड्रोन को रोका. सेंटकॉम ने कहा, 'आज इससे पहले, मध्य पूर्व में अमेरिकी सेना ने दो ईरानी वन-वे अटैक ड्रोन मार गिराए, जो होर्मुज जलडमरूमध्य में अंतरराष्ट्रीय समुद्री यातायात के लिए खतरा पैदा कर रहे थे.'
इसने आगे और क्या कहा?
इसने आगे कहा कि अमेरिकी सेना ईरानी आक्रामकता के खिलाफ बचाव जारी रखने के लिए तैयार है. यह घटना अमेरिका द्वारा कई ईरानी बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन को मार गिराने के दावे के एक दिन बाद हुई है, जिन्हें होर्मुज जलडमरूमध्य और खाड़ी की ओर लॉन्च किया गया था.
क्या है मामला?
सेंटकॉम के अनुसार शुक्रवार देर रात कुवैत और बहरीन की ओर सात बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं. इससे कुछ घंटे पहले ही सेंटकॉम ने होर्मुज जलडमरूमध्य की ओर लॉन्च किए गए चार ईरानी हमलावर ड्रोन मार गिराए थे. इसने आगे कहा कि छह मिसाइलों को रोक दिया गया और सातवीं अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच पाई.
कुवैत और बहरीन ने ईरानी मिसाइल और ड्रोन हमलों की निंदा की और इसे अपनी संप्रभुता का उल्लंघन तथा क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बताया. मिस्र, जॉर्डन और कतर ने भी शनिवार को निंदा की.
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने क्या कहा?
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने कहा कि उसने पहले हुए अमेरिकी हमलों के जवाब में क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाकर हमले किए. अमेरिकी सेना ने दावा किया कि उसने गोरुक और केशम द्वीप पर ईरानी तटीय निगरानी रडार साइटों को निशाना बनाया.
ईरान के विदेश मंत्रालय ने क्या बताया?
ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी हमलों की निंदा करते हुए इसे अप्रैल से लागू युद्ध-विराम का खुला उल्लंघन बताया. मंत्रालय ने कहा कि इससे पता चलता है कि अमेरिका में न केवल तनाव कम करने की इच्छाशक्ति की कमी है, बल्कि यह क्षेत्र की सुरक्षा को गंभीर रूप से खतरे में डालता है.
तेहरान ने यह भी कहा कि अमेरिका इन अवैध कार्यों के सभी प्रभावों और परिणामों साथ ही तनाव में किसी भी संभावित वृद्धि के लिए जिम्मेदार है. अमेरिकी सेना ने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य की ओर ईरानी ड्रोन से हमले के बाद आगे के हमलों से बचाव के लिए उन्होंने ईरान के रडार ठिकानों पर हमला किया.
ईरान के IRGC ने क्या कहा?
ईरान के IRGC का दावा है कि टकराव तब शुरू हुआ जब अमेरिकी सेना ने तेल टैंकरों को उस जलमार्ग से गैर-कानूनी तरीके से ले जाने की कोशिश की, जिसे ईरान ने युद्ध के दौरान काफी हद तक बंद कर दिया था.