Iran Terror Attack: ईरान में न्यायालय पर आतंकी हमला! पांच नागरिकों समेत मां और मासूम की मौत, 3 आतंकी ढेर

ईरान के जाहेदान शहर में न्यायालय पर हुए आतंकी हमले में पांच नागरिकों और तीन आतंकियों की मौत हो गई. ग्रेनेड विस्फोट और गोलीबारी में 13 अन्य घायल हुए. बलूच अलगाववादी संगठन जैश अल-अद्ल ने हमले की जिम्मेदारी ली है.

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Km Jaya

ईरान के अशांत सिस्तान-बालूचिस्तान प्रांत की राजधानी जाहेदान में शनिवार को एक भीषण आतंकी हमला हुआ, जिसमें पांच नागरिकों की जान चली गई, जबकि तीन हमलावर भी मारे गए. यह हमला न्यायिक परिसर को निशाना बनाकर किया गया, जिसे ईरानी अधिकारियों ने ‘आतंकी हमला’ करार दिया है.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी मिजान ऑनलाइन के अनुसार, हमलावरों ने ज़ाहेदान स्थित न्यायालय भवन में विस्फोटक फेंके और अंधाधुंध गोलियां चलाईं. इस हमले में 13 लोग घायल हुए हैं, और मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई गई है. क्षेत्रीय इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC के मुताबिक, हमले में शामिल तीनों आतंकियों को सुरक्षाबलों ने मार गिराया.

इस घटना का वीडियो भी सामने आया है.

 

हमले में हुई मां और मासूम का मौत

प्रांतीय डिप्टी पुलिस कमांडर अलीरेजा दलिरी के मुताबिक, हमलावर ‘आम आगंतुकों’ के भेष में न्यायालय में घुसे और अंदर घुसते ही एक ग्रेनेड फेंका, जिससे भारी तबाही मची. हमले में एक वर्ष के बच्चे और उसकी मां की भी दर्दनाक मौत हो गई.

इस संगठन ने ली हमले की जिम्मेदारी

इस हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान में सक्रिय बलूच अलगाववादी आतंकी संगठन ‘जैश अल-अद्ल’ने ली है. यह संगठन पहले भी ईरान में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देता रहा है और इसे सुन्नी जिहादी गुट के रूप में जाना जाता है. ईरान, पाकिस्तान और अफगानिस्तान की सीमाओं से सटे सिस्तान-बालूचिस्तान प्रांत में लंबे समय से कट्टरपंथी गुट, बलूच विद्रोही और ड्रग माफिया सुरक्षा बलों के साथ टकराव में रहते हैं.

सुरक्षा व्यवस्था की गंभीरता उजागर

इस हमले ने एक बार फिर उस क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था की गंभीरता को उजागर किया है, जिसे पहले भी बार-बार आतंकवादियों और अलगाववादियों द्वारा निशाना बनाया गया है. अक्टूबर 2024 में इसी क्षेत्र में एक और आतंकी हमले में दस पुलिसकर्मियों की जान गई थी.

राष्ट्रीय सुरक्षा पर सीधा हमला

अधिकारियों ने इस हमले को राष्ट्रीय सुरक्षा पर सीधा हमला बताया है और चेतावनी दी है कि ऐसे संगठनों को कठोरता से कुचला जाएगा. ईरान में जनता और नेताओं के बीच इस हमले को लेकर रोष है और कड़ी प्रतिक्रिया की मांग की जा रही है.