Luna-25: रूस के मून मिशन को तगड़ा झटका, चांद पर लूना-25 की हुई क्रैश लैंडिंग

Luna-25: रूस के मून मिशन को तगड़ा झटका, चांद पर लूना-25 की हुई क्रैश लैंडिंग

Sagar Bhardwaj

नई दिल्ली रूस के मून मिशन को तगड़ा झटका, चांद पर लूना-25 की हुई क्रैश लैंडिंग. रूस की स्पेस एजेंसी रोस्कोस्मोस ने रविवार को इस बाद की पुष्टि की है कि लूना-25 ने चांद की सतह पर क्रैश लैंडिंग की है.

एजेंसी ने बताया कि लूना-25 प्रपोल्शन मैनूवर के समय चंद्रमा की सतह से टकरा गया था, जिसकी वजह से वह दुर्घटना का शिकार हो गया.  लूना-25 का क्रैश होना रूस के लिए बड़ा झटका है. लूना-25, 47 सालों के बाद रूस का पहला चंद्र मिशन था. सोवियत संघ के पतन के बाद रूस ने कोई भी मून मिशन लॉन्च नहीं किया था.

आखिर कहां हुई चूक
रोस्कोस्मोस ने बताया कि लूना-25 मिशन की शुरुआती जांच से पता चलता है कि मैनुवर के समय वास्तविक और अनुमानित गणना में विचलन हुआ था, इस वजह से अंतरिक्षयान एक ऐसी कक्षा में चला गया जिसकी अपेक्षा ही नहीं की गई थी. इस वजह से यह चांद की सतह से टकरा गया और क्रैश कर गया.

रोस्कोस्मोस के आधिकारिक बयान के अनुसार, '19 अगस्त  को लूना-25 उड़ान कार्यक्रम के अनुसार इसकी प्री-लैंडिंग अंडाकार कक्षा बनाने के लिए इसे गति प्रदान की गई थी. स्थानीय समयानुसार दोपहर करीब 2 बजकर 57 मिनट पर लूना-25 का कम्युनिकेशन सिस्टम ब्लॉक हो गया था. इस वजह से कोई भी संपर्क कायम नहीं हो पाया.' 

एजेंसी की तरह से इसको लेकर एक आधिकारिक बयान जारी किया गया है, जिसने उसने कहा है कि डिवाइस की खोज करने और उससे संपर्क करने के लिए 19 और 20 अगस्त को किए गए सभी प्रयास विफल हो गए. रोस्कोस्मोस ने कहा कि एक स्पेशल जांच आयोग इस पूरे मामले की जांच करेगा.

अब भारत के चंद्रयान-3 पर टिकी दुनिया की निगाहें
रूस से आई इस दुखद खबर के बाद अब पूरी दुनिया की निगाहें भारत के चंद्रयान-3 पर आकर टिक गई हैं. चंद्रयान-3 आज से 3 दिन बाद 23 अगस्त 2023 को शाम 6 बजकर 4 मिनट पर चांद की सतह पर लैंड करेगा. अगर चंद्रयान-3 सॉफ्ट लैंडिंग करने में कामयाब होता है तो भारत चांद के साउथ पोल पर लैंड करने वाला  दुनिया का पहला देश बन जाएगा.

यह भी पढ़ें: मालाबार युद्धाभ्यास की निगरानी कर रहा चीन, 300 सैटेलाइट्स ऑस्ट्रेलिया के ऊपर तैनात किए