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POK पर PAK का बड़ा कुबूलनामा, कहा- वह विदेशी धरती, हमारे कानून वहां नहीं चलते

Pakistan On POK: पाकिस्तान ने पाक अधिकृत कश्मीर को लेकर बड़ी बात स्वीकार की है. पाक सरकार के अतिरिक्त अटॉर्नी जनरल ने माना है कि पीओके एक विदेशी क्षेत्र है जहां पाक अदालतों के फैसले गैर-जिम्मेदाराना लगते हैं.

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India Daily Live

Pakistan On POK: पाकिस्तान सरकार ने पीओके पर आखिरकार बड़ा कूबूलनामा किया है. पाक सरकार ने इस्लामाबाद हाई कोर्ट में कहा कि पाकिस्तानी कब्जे वाला क्षेत्र POK एक विदेशी क्षेत्र है. इस पर हमारा कोई अधिकार नहीं है. पाकिस्तान के अतिरिक्त अटॉर्नी जनरल ने यह बात मानी है. कश्मीरी शायर और जर्नलिस्ट अहमद फरहाद शाह के अपहरण मामले में हो रही सुनवाई के दौरान यह बात सामने आई हैय फरहाद को 15 मई पाक की खुफिया एजेंसियों ने उनके घर से अगवा कर लिया था.

फरहाद को 15 मई को रावलपिंडी में अपने घर से लापता हो गए थे. इसके अगले ही दिन उनकी पत्नी उरूज जनब ने उनका पता लगाने के लिए इस्लामाबाद हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी. अपनी विद्रोही शायरियों के लिए प्रसिद्ध फरहाद को उनके घर से अगवा किया गया था. कोर्ट में सुनवाई के दौरान अटॉर्नी जनरल मंसूर उस्मान अवान ने हाई कोर्ट को कहा कि उन्हें गिरफ्तार किया गया था अब वे पाक के कब्जे वाले पीओके की पुलिस कस्टडी में हैं. 


कैसे घुस गए पाकिस्तानी रेंजर्स? 

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पाक के अतिरिक्त अटॉर्नी जनरल मुनव्वर इकबाल ने जज मोहसिन अख्तर कयानी के सामने दलील देते हुए कहा कि फरहाद शाह पीओके पुलिस की हिरासत में हैं, उन्हें इस्लामाबाद हाई कोर्ट में पेश नहीं किया जा सकता. अतरिक्त अटॉर्नी जनरल का कहना था कि कश्मीर एक विदेशी क्षेत्र है. उसका अपना एक संविधान है, अपनी अदालतें हैं. पीओके में पाक अदालतों के फैसले विदेशी अदालतों के फैसलों जैसे लगते हैं. इस पर अदालत ने कहा कि यदि पीओके विदेशी क्षेत्र है तो तो पाक सेना और रेंजर्स वहां कैसे घुस गए? न्यायाधीश कयानी ने लोगों की जबरन हो रही किडनैपिंग के लिए पाक खुफिया एजेंसी को फटकार लगाई.

पहले अदालत में पेश करो

पाक सरकार की ओर से पेश हुए अतिरिक्त अटॉर्नी जनरल इकबाल ने कहा कि शायर दो जून तक हिरासत में हैं. उनके परिवार को उनसे मिलने की अनुमति है. इकबाल ने कोर्ट से अवैध रूप से गिरफ्तार करने के मामले को समाप्त करने का आग्रह किया है. जज कयानी ने सभी दलीलें सुनने के बाद मामले को समाप्त करने वाली याचिका खारिज कर दी और कहा कि यह याचिका तभी खारिज होगी जब जब उन्हें अदालत में पेश किया जाएगा.