दुनिया के सबसे बड़े मंच पर भारत की दहाड़, 'अब केवल POK को बहाल करना ही बचा है', UNGA में बोले विदेश मंत्री जयशंकर

EAM Jaishankar At UNGA: भारत ने एक बार फिर पाकिस्तान को संयुक्त राष्ट्र महासभा के मंच से कठोर संदेश दिया है. विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कश्मीर मुद्दे पर पाकिस्तान पर निशाना साधते हुए कहा कि भारत का एकमात्र मुद्दा अब पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (POK) को वापस दिलाना है. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की सीमा पार आतंकवाद की नीति कभी सफल नहीं होगी और उसे दंड से बचने की उम्मीद नहीं करनी चाहिए.

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EAM Jaishankar At UNGA: भारत ने एक बार फिर पाकिस्तान को दुनिया के सबसे बड़े मंच से आईना दिखाया है. विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को कश्मीर मुद्दे को लेकर पाकिस्तान पर निशाना साधा और कहा कि भारत के पास अब केवल एक ही मुद्दा बचा है वह है पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (POK) को भारत को वापस दिलाना. 

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 79वें सत्र (UNGA) को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि हमने कल इसी मंच से कुछ अजीबोगरीब बातें सुनीं.  मैं भारत की स्थिति को बहुत स्पष्ट कर देना चाहता हूँ  पाकिस्तान की सीमा पार आतंकवाद की नीति कभी सफल नहीं होगी और उसे दंड से बचने की कोई उम्मीद नहीं करनी चाहिए. इसके विपरीत कार्रवाई के निश्चित रूप से परिणाम होंगे. 

आतंकवाद का निर्यात करता है पाक  

उन्होंने आगे कहा कि पाकिस्तान की जीडीपी को कट्टरपंथ और आतंकवाद के रूप में निर्यात के संदर्भ में मापा जा सकता है.उन्होंने आगे कहा कि कई देश अपने नियंत्रण से परे परिस्थितियों के कारण पीछे रह जाते हैं लेकिन कुछ देश विनाशकारी परिणामों के साथ जानबूझकर निर्णय लेते हैं. विदेश मंत्री ने कहा कि इसका एक बेहतरीन उदाहरण हमारा पड़ोसी देश पाकिस्तान है.  दुर्भाग्य से उनके कुकृत्यों का असर दूसरों पर भी पड़ता है, खास तौर पर पड़ोस पर.  जब यह राजनीति अपने लोगों में इस तरह की कट्टरता भरती है, तो इसकी जीडीपी को केवल कट्टरपंथ और आतंकवाद के रूप में इसके निर्यात के संदर्भ में ही मापी जा सकती है.

संघर्ष का तत्काल समाधान चाहती है दुनिया 

जयशंकर ने यूएनजीए को संबोधित करते हुए कहा कि हम 79वें यूएनजीए की थीम - किसी को पीछे न छोड़ना का दृढ़ता से समर्थन करते हैं. हम एक कठिन समय में यहां एकत्र हुए हैं.  दुनिया अभी भी कोविड महामारी के कहर से उबर नहीं पाई है.  यूक्रेन में युद्ध अपने तीसरे वर्ष में है और गाजा में संघर्ष व्यापक रूप ले रहा है. दुनिया बड़े पैमाने पर जारी हिंसा और उसके परिणामों के रति अभेद्य नहीं सकती है. विदेश मंत्री ने कहा कि चाहे वह यूक्रेन में युद्ध हो या गाजा में संघर्ष, अंतर्राष्ट्रीय समुदाय तत्काल समाधान चाहता है.