कश्मीर का राग अलाप रहा था पाक, ईरानी राष्ट्रपति ने ले लिया आड़े हाथ
Iran Pakistan News: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने एक बार फिर इस्लामिक कार्ड का सहारा लेकर कश्मीर मसले को उछाला और हर बार की तरह उसे मुंह की खानी पड़ी.
Iran Pakistan News: ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रायसी तीन दिन के दौरे पर पाकिस्तान आए हैं. दोनों देश इस साल की शुरुआत में सबंधों में तनाव आने के बाद उन्हें सामान्य बनाने पर काम कर रहे हैं. रायसी की यात्रा को संबंधों को सामान्य बनाने की दिशा से जोड़कर देखा जा रहा है. इस दौरान पाकिस्तान ने एक बार फिर से इस्लामिक कार्ड खेला. पाक के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा कि हमारे ईरान से संबंध 76 साल के नहीं बल्कि सदियों पुराने हैं. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान बनने के बाद सबसे पहले मान्यता देने वाला मुल्क ईरान ही था.
शहबाज शरीफ ने ईरानी राष्ट्रपति को अपना बिरादरी भाई बताया. उन्होंने रायसी को जान-ए-बारादर करार दिया. शहबाज शरीफ ने कहा कि आपने गाजा के लोगों के लिए ऐसे समय आवाज उठाई जब दुनिया में कोई साथ नहीं दे रहा था. उन्होंने गाजा में मारे गए 35 हजार लोगों को शहीद करार दिया. शहबाज शरीफ इस दौरान कश्मीर राग अलापना फिर नहीं भूले. उन्होंने कश्मीर की तुलना गाजा से करते हुए कहा कि वहां भारत मुसलमानों का खून बहा रहा है. शहबाज ने दुनिया के मुसलमानों से एकता का आग्रह किया.
कश्मीर मुद्दे पर ईरान ने पाकिस्तान को तगड़ा झटका दे दिया. ईरानी राष्ट्रपति इब्राहिम रायसी ने अपने बयान में कहा कि वे गाजा के समर्थन के लिए इस्लामाबाद का धन्यवाद करते हैं. ईरान ने इस्लामिक एकता की भी बात कही लेकिन कश्मीर मसले पर कुछ भी नहीं बोला और न ही उसका नाम लिया. इस तरह ईरानी राष्ट्रपति ने पाक का एजेंडा खड़े-खड़े ध्वस्त कर दिया. रायसी ने इस्लामिक एकता की खुलकर वकालत भी की लेकिन उन्होंने कश्मीर मसले पर कुछ नहीं बोला.
पाकिस्तानी नेता सऊदी अरब, तुर्की, और ईरान जैसे मुस्लिम देशों के नेताओं के आगे कश्मीर का मुद्दा उठाते रहे हैं. हालांकि हर बार की तरह उसे इन देशों से झटका ही लगता रहा है लेकिन तुर्की पाक की हां में हां मिलाकर कई बार कश्मीर मामले को लेकर आवाज उठा चुका है. गाजा में इजरायली जंग में अब तक 35 हजार लोग मारे जा चुके हैं.