भारत के साथ संबंधों पर क्या बोल गए अमेरिकी राजदूत गार्सेटी? जान लें पूरी बात
Eric Garcetti: भारत में अमेरिका के राजदूत एरिक गार्सेटी ने एक कार्यक्रम में कहा कि भारत और अमेरिका के संबंधों को और गहरा करनेकी जरूरत है. पीएएम मोदी की रूस यात्रा का जिक्र किए बिना अमेरिकी राजदूत ने कहा कि संघर्ष के समय रणनीतिक स्वायत्तता जैसी कोई बात नहीं होती, संकट के समय हमें एक-दूसरे को जानने समझने की जरूरत होगी. नियम आधारित व्यवस्था और संप्रभु सीमाओं का उल्लंघन करने वाले देशों के खिलाफ भारत और अमेरिका को सिद्धांतों को बनाए रखना होगा.
Eric Garcetti: भारत में अमेरिकी राजदूत एरिक गार्सेटी ने गुरुवार को अमेरिका और भारत के बीच घनिष्ठ सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया. उन्होंने कहा इसे तब और मजबूत करने की जरूरत है जब दुनिया में संघर्षों की संख्या बढ़ रही है. गार्सेटी ने नई दिल्ली में एक कार्यक्रम में कहा कि मुझे पता है कि भारत अपनी रणनीतिक स्वायत्तता पसंद करता है लेकिन संघर्ष के समय में रणनीतिक स्वायत्तता जैसी कोई चीज नहीं होती है.
गार्सेटी ने कहा कि संकट के क्षणों में हमें एक-दूसरे को जानने की आवश्यकता होगी. मुझे परवाह नहीं है कि हम इसे क्या नाम देते हैं, लेकिन हमें यह जानने की आवश्यकता होगी कि हम भरोसेमंद दोस्त,भाई-बहन और जरूरत के समय में सहकर्मी हैं.
पीएम मोदी की रूस यात्रा पर क्या बोला अमेरिका?
पीएम मोदी की रूस यात्रा के बाद अमेरिका ने कहा था कि रूस के साथ उसके चिंताजनक संबंधों के बावजूद भारत उसका प्रमुख रणनीतिक साझेदार बना हुआ है. बाइडन प्रशासन की टिप्पणी के बाद भारत में अमेरिकी राजदूत एरिक गार्सेटी की यह टिप्पणी सामने आई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में 22वें भारत-रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए रूस का दौरा किया, जिस पर यूक्रेन में चल रहे संघर्ष के कारण पश्चिमी देशों की नजर थी.