सुपर बाउल संडे पर एपस्टीन सर्वाइवर्स ने नया विज्ञापन जारी कर की अपील, DOJ से की सच्चाई सामने लाने की मांग

एपस्टीन मामले की पीड़ित महिलाओं ने सुपर बाउल संडे पर एक भावनात्मक पीएसए जारी कर न्याय विभाग से पूरी सच्चाई सार्वजनिक करने की मांग की और अमेरिकी जनता से दबाव बनाने की अपील की.

social media
Kuldeep Sharma

नई दिल्ली: अमेरिका के सबसे चर्चित और विवादित सेक्स-ट्रैफिकिंग मामलों में शामिल जेफरी एपस्टीन प्रकरण एक बार फिर सुर्खियों में है. इस बार वजह बनी हैं वे महिलाएं, जो खुद को इस घोटाले की पीड़ित बताती हैं. सुपर बाउल जैसे बड़े मंच का इस्तेमाल करते हुए इन सर्वाइवर्स ने एक पब्लिक सर्विस अनाउंसमेंट जारी किया है, जिसमें उन्होंने न्याय विभाग से जवाबदेही और पारदर्शिता की खुली मांग की है.

सुपर बाउल पर क्यों उठा सवाल

एपस्टीन सर्वाइवर्स द्वारा जारी यह पीएसए सुपर बाउल संडे के दौरान प्रसारित किया गया, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों तक संदेश पहुंचे. वीडियो में पीड़ित महिलाएं सीधे कैमरे की ओर देखकर कहती हैं कि वे इस मामले से 'आगे बढ़ने' को तैयार नहीं हैं. उनका कहना है कि यह दुनिया का सबसे बड़ा सेक्स-ट्रैफिकिंग घोटाला है और जब तक पूरी सच्चाई सामने नहीं आती, उनकी लड़ाई जारी रहेगी.

न्याय विभाग पर दबाव की कोशिश

पीएसए का मुख्य संदेश अमेरिकी न्याय विभाग को लेकर है. वीडियो के अंत में लिखा गया संदेश लोगों का ध्यान खींचता है- 'हमारे साथ खड़े हों. अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी से कहें: अब सच का समय है.' सर्वाइवर्स और उनके समर्थकों का कहना है कि सरकार और अधिकारियों पर जनता का दबाव ही सच को सामने ला सकता है.

एपस्टीन फाइल्स में क्या सामने आया

31 जनवरी को अमेरिकी न्याय विभाग ने एपस्टीन से जुड़े करीब 30 लाख पन्नों के दस्तावेज, 2,000 वीडियो और 1.8 लाख तस्वीरें जारी कीं. डिप्टी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लांश ने बताया कि यह रिलीज नए ट्रांसपेरेंसी कानून के तहत जरूरी थी. हालांकि, 60 लाख दस्तावेजों में से आधे अब भी गोपनीय हैं.

यहां देखें वीडियो

पुराना अपराध, नए सवाल

जेफरी एपस्टीन को 2008 में नाबालिग से यौन संबंध के मामले में सजा मिली थी. 2019 में फिर गिरफ्तारी हुई, लेकिन एक महीने बाद जेल में उसकी मौत हो गई. उसकी सहयोगी गिस्लेन मैक्सवेल को 2021 में दोषी ठहराया गया. अब पीड़ितों का कहना है कि जब तक हर फाइल सामने नहीं आती, न्याय अधूरा है.