बलूचिस्तान में पाकिस्तान के खिलाफ बीएलए ने चलाया 'ऑपरेशन हेरोफ 2', 12 बलूच शहरों में किए हमले, पाकिस्तानी सेना ने छोड़ा रण!
बीएलए ने इसे 'ऑपरेशन हेरोफ' के दूसरे चरण के रूप में घोषित किया है, जिसमें प्रांत के कई शहरों में एक साथ हमले किए गए हैं. यह हमले शनिवार सुबह से शुरू हुए और स्थिति काफी गंभीर बनी हुई है.
क्वेटा: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में अलगाववादी संगठन बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने एक बार फिर बड़े पैमाने पर हमलों की शुरुआत की है. बीएलए ने इसे 'ऑपरेशन हेरोफ' के दूसरे चरण के रूप में घोषित किया है, जिसमें प्रांत के कई शहरों में एक साथ हमले किए गए हैं. यह हमले शनिवार सुबह से शुरू हुए और स्थिति काफी गंभीर बनी हुई है. बीएलए के प्रवक्ता जियांद बलोच ने बयान जारी कर कहा कि यह अभियान पाकिस्तानी सेना और प्रशासनिक ढांचे के खिलाफ निर्णायक प्रतिरोध है.
बलूचिस्तान में पाकिस्तान के खिलाफ बीएलए ने चलाया 'ऑपरेशन हेरोफ 2'
संगठन ने दावा किया है कि उसके लड़ाकों ने क्वेटा सहित कम से कम 7 से 10 शहरों में समन्वित हमले किए, जिसमें पुलिस थाने, जेलें और सुरक्षा बलों के ठिकानों को निशाना बनाया गया. बलूच पक्ष का कहना है कि इन हमलों में कम से कम 20 पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मी मारे गए हैं. नोशकी इलाके में अकेले 8 से अधिक सैनिकों के मारे जाने का दावा किया गया है. क्वेटा, जो बलूचिस्तान की राजधानी है, में पहली बार इतनी बड़ी संख्या में बीएलए के लड़ाके दिखाई दिए हैं. यहां कई जोरदार धमाके और गोलियां चलने की आवाजें सुनाई दीं.
12 बलूच शहरों में किए हमले
स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार बीएलए ने कुछ पुलिस स्टेशनों पर कब्जा करने की कोशिश की और कैदियों को रिहा किया. बलूचिस्तान पोस्ट जैसी रिपोर्टों में कहा गया है कि लड़ाकों ने सड़कों पर वाहन तबाह किए और वीडियो जारी कर अपनी मौजूदगी दिखाई है. पाकिस्तानी पक्ष की ओर से अभी तक विस्तृत पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन पुलिस ने क्वेटा में दो पुलिसकर्मियों के मारे जाने की पुष्टि की है. हमलों के बाद क्वेटा के सभी अस्पतालों में इमरजेंसी घोषित कर दी गई है. रेल सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी गई हैं, जिससे आवाजाही प्रभावित हुई है.
पाकिस्तानी सेना कुछ इलाकों से पीछे हटी
पाकिस्तानी सेना ने जवाबी कार्रवाई शुरू की है और लड़ाकू हेलीकॉप्टरों की मदद से हमले किए जा रहे हैं. कुछ रिपोर्टों में कहा गया है कि पाकिस्तानी सेना कुछ इलाकों से पीछे हटी है, लेकिन स्थिति पर नियंत्रण बनाए रखने की कोशिश जारी है. बीएलए के प्रमुख बशीर जेब ने आम जनता से अपील की है कि वे इस अभियान में सहयोग करें. उन्होंने इसे मातृभूमि की रक्षा का अभियान बताया है.
यह ऑपरेशन पिछले साल अगस्त में शुरू हुए 'ऑपरेशन हेरोफ' के पहले चरण का विस्तार माना जा रहा है, जिसमें भी बड़े हमले हुए थे. बलूचिस्तान लंबे समय से अलगाववादी गतिविधियों का केंद्र रहा है, जहां बीएलए जैसे समूह पाकिस्तानी सेना पर हमले करते आ रहे हैं.