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ईरान के साथ चल रही जंग के बीच छिन जाएगी ट्रंप की कुर्सी? जानें क्या हैं 25वां संशोधन जिसकी अमेरिका में उठ रही मांग

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई तीखी धमकी के बाद 25वें संशोधन की धारा 4 लागू करने की मांग बढ़ गई है. डेमोक्रेट नेता और कुछ रिपब्लिकन कैबिनेट से ट्रंप को अयोग्य ठहराने की अपील कर रहे हैं.

Kuldeep Sharma
Edited By: Kuldeep Sharma
ईरान के साथ चल रही जंग के बीच छिन जाएगी ट्रंप की कुर्सी? जानें क्या हैं 25वां संशोधन जिसकी अमेरिका में उठ रही मांग
Courtesy: grok

अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई विवादास्पद धमकी ने देश में तूफान खड़ा कर दिया है. ईस्टर के दिन ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर ईरान को अपशब्दों के साथ चेतावनी दी कि मंगलवार को ईरान के पावर प्लांट और पुलों पर हमला होगा. इस पोस्ट के बाद कई डेमोक्रेट सांसदों और पूर्व सहयोगियों ने 25वें संशोधन की धारा 4 लागू करने की मांग की है. सवाल उठ रहा है कि क्या ट्रंप को पद से हटाया जा सकता है? इस बहस ने वॉशिंगटन में हलचल मचा दी है.

25वें संशोधन की धारा 4 क्या है?

अमेरिकी संविधान के 25वें संशोधन की धारा 4 कभी भी लागू नहीं हुई है. इस धारा के तहत उपराष्ट्रपति और कैबिनेट के बहुमत वाले सदस्य राष्ट्रपति को अपने पद की जिम्मेदारियां निभाने में अयोग्य घोषित कर सकते हैं. इसके बाद उपराष्ट्रपति को राष्ट्रपति की शक्तियां मिल जाती हैं. अगर राष्ट्रपति इस फैसले से सहमत नहीं होता तो कांग्रेस दो-तिहाई बहुमत से फैसला करती है. इस धारा का इस्तेमाल तभी होता है जब राष्ट्रपति मानसिक या शारीरिक रूप से काम करने लायक न रहें. ट्रंप के ईरान संबंधी बयान को कई लोग इसी धारा के तहत अयोग्यता का सबूत बता रहे हैं. 

ट्रंप की धमकी और बढ़ती मांग

ट्रंप ने ईस्टर पर ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि मंगलवार को 'पावर प्लांट डे' और 'ब्रिज डे' होगा. उन्होंने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने की धमकी दी और अपशब्दों का इस्तेमाल किया. डेमोक्रेट सांसद क्रिस मर्फी ने कहा कि अगर वे कैबिनेट में होते तो 25वें संशोधन के बारे में वकीलों से बात करते. उन्होंने ट्रंप के बयान को 'पूरी तरह पागलपन' बताया. रिपब्लिकन सांसद यासमीन अंसारी ने भी कहा कि राष्ट्रपति अब देश के लिए सुरक्षा खतरा बन गए हैं. कई लोग मान रहे हैं कि ट्रंप का यह बयान युद्ध अपराध जैसा है. 

कैबिनेट और कांग्रेस पर दबाव

ट्रंप के बयान के बाद कैबिनेट पर दबाव बढ़ गया है. पूर्व सहयोगी और कुछ रिपब्लिकन नेता भी कैबिनेट से धारा 4 लागू करने की अपील कर रहे हैं. सीनेटर क्रिस मर्फी ने कहा कि ट्रंप के हमले से हजारों निर्दोष लोगों की मौत हो सकती है. उन्होंने पूछा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पहले से खुला था तो फिर हमला क्यों? कांग्रेस को तुरंत बुलाकर इस युद्ध को रोकने की मांग भी हो रही है. ईरान के दूतावासों ने भी 25वें संशोधन पर विचार करने की अपील की है.

ट्रंप की सेहत और अटकलें

ट्रंप की सेहत को लेकर भी अजीब अटकलें लगाई जा रही हैं. व्हाइट हाउस ने अस्पताल में भर्ती होने की अफवाहों को खारिज किया है, लेकिन उनके हाथों पर चोट के निशान, पैरों में सूजन और कुछ बयानों में भूलने की शिकायतें चर्चा में हैं. ट्रंप अमेरिका के इकलौते राष्ट्रपति हैं जिन्हें दो बार महाभियोग का सामना करना पड़ा. दोनों बार सीनेट ने उन्हें बरी कर दिया. अब 25वें संशोधन की चर्चा उनके तीसरे कार्यकाल में नई बहस छेड़ रही है.