'क्या भगवान राम सहमत होंगे कि उनके स्वागत में स्वास्थ्य..?' अस्पताल के आधे दिन की छुट्टी पर शिवसेना का तंज

शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा एम्स दिल्ली मर्यादा पुरूषोत्तम राम के स्वागत के लिए समय निकाल रहा है. आश्चर्य है कि क्या भगवान राम इस बात से सहमत होंगे कि उनके स्वागत के लिए स्वास्थ्य सेवाएं बाधित हो.

Avinash Kumar Singh

नई दिल्ली: 22 जनवरी को प्राण-प्रतिष्ठा समारोह के मद्देनजर नई दिल्ली में एम्स, सफदरजंग और राम मनोहर लोहिया अस्पतालों सहित केंद्र सरकार द्वारा संचालित सभी चार अस्पतालों को दोपहर 2.30 बजे तक बंद रखने के फैसला किया गया है. जिसके बाद विपक्षी दलों के नेताओं ने केंद्र पर सवाल उठाया है.

क्या भगवान राम सहमत होंगे कि उनके स्वागत के लिए स्वास्थ्य सेवाएं बाधित हो?

शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने सोशल मीडिया एक्स पोस्ट में कहा "नमस्कार मानवो! कृपया 22 तारीख को किसी मेडिकल आपात स्थिति में न जाएं. यदि आप इसे दोपहर 2 बजे के बाद के लिए शेड्यूल करते हैं, क्योंकि एम्स दिल्ली मर्यादा पुरूषोत्तम राम के स्वागत के लिए समय निकाल रहा है. आश्चर्य है कि क्या भगवान राम इस बात से सहमत होंगे कि उनके स्वागत के लिए स्वास्थ्य सेवाएं बाधित हो. हे राम, हे राम!"

एम्स और राम मनोहर लोहिया अस्पताल आधे दिन बंद 

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) और राम मनोहर लोहिया अस्पताल ने 22 जनवरी 2024 को अपने कार्यालयों और संस्थानों को आधे दिन के लिए बंद करने की घोषणा की है, क्योंकि अयोध्या में राम लला प्राण प्रतिष्ठा पूरे भारत में मनाई जाएगी. हालांकि सभी प्रकार की आपातकालीन सेवाएं जारी रहेंगी. AIIMS और राम मनोहर लोहिया अस्तपताल ने आदेश जारी कर कहा है कि 22 जनवरी को ढाई बजे तक ओपीडी की सुविधा नहीं मिलेगी. आधे दिन बाद ओपीडी सुविधा शुरू हो जाएगी. इसके अलावा सफदरजंग और लेडी हार्डिंग केंद्रीय सरकारी अस्पतालों में भी आधे दिन की छुट्टी रहेगी. जारी किये गए नोटिस में कहा गया है कि सभी कर्मचारियों की जानकारी के लिए यह सूचित किया जाता है कि संस्थान 22 जनवरी को दोपहर 2.30 बजे तक आधे दिन बंद रहेगा.