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'...सरकार की मिलीभगत...,' BSP नेता आर्मस्ट्रांग की हत्या के लिए सीएम स्टालिन को क्यों कोस रहीं मायावती?

बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने दलित नेता और राज्य बीएसपी चीफ आर्मस्ट्रांग की हत्या पर दो टूक कहा है कि अगर सरकार इस घटना की सही तरीके से छानबीन नहीं कराती है तो वह भी इस हत्याकांड में मिली हुई है. उन्होंने कहा है कि राज्य सरकार इस हत्या की सीबीआई जांच की सिफारिश करे. वहीं पुलिस का दावा है कि उन्होंने इस मर्डर मिस्ट्री को सुलझा लिया है, यह हत्या रंजिश की वजह से हुई है. क्या है पूरा मामला, आइए जानते हैं.

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India Daily Live

बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मयावती ने तमिलनाडु सरकार पर दलित नेता आर्मस्ट्रांग की हत्या को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि राज्य सरकार इस हत्याकांड पर गंभीर नहीं है और जांच नहीं करा रही है. आर्मस्ट्रांग की कुछ हमलावरों ने उनके घर में ही घुसकर मार डाला था. मायावती ने अपील की है कि इस केस के जांच की जिम्मेदारी अब CBI को सौंप दी जाए. 

रविवार को मायवती आकाश आनंद के साथ चेन्नी पहुंची थी और आर्मस्ट्रांग को श्रद्धांजलि दी. उन्होंने अपने पार्टी के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि तमिलनाडु में कानून व्यवस्था का हाल ठीक नहीं है. उन्होंने कहा कि जिस तरह से आर्मस्ट्रांग की हत्या हुई है, ऐसा लगता है कि राज्य में कोई कानून व्यवस्था नहीं है. अब तक मुख्य आरोपी नहीं गिरफ्तार हुए हैं. 

CBI..मिलीभगत, स्टालिन सरकार पर क्या-क्या बोलीं मायावती?

DMK के नेतृत्व वाली स्टालिन सरकार पर बरसते हुए उन्होंने कहा, 'राज्य सरकार इस हत्याकांड पर गंभीर नहीं है. अगर ऐसा नहीं होता तो हत्याकांड के मुख्य आरोपी जेल में होते. अगर राज्य सरकार न्याय नहीं करना चाहती है तो यह केस CBI को सौंप देना चाहिए.' मायावती ने कहा, 'यह किसी दलित नेता की ही हत्या का मामला नहीं है. पूरा दलित समाज खतरे में है. कई दलित नेताओं को अपनी जान का खतरा सता रहा है.'


मायावती ने अपने कार्यकर्ताओं से क्या की अपील?

मायवती ने बसपा कार्यकर्ताओं से कहा कि वे कानून व्यवस्था को अपने हाथ में न लें. उन्होंने कहा कि आरोपियों के खिलाफ एक्शन लेने के लिए कानून के दायरे में रहे, यह संदेश दें कि समाज का कमजोर तबका कानून व्यवस्था अपने हाथ में नहीं लेता है. 

कैसे हुई थी आर्मस्ट्रान्ग की हत्या?

के आर्मस्ट्रांग के पेरांबूर इलाके स्थित उनके घर पर ही हत्या हो गई थी. कुछ लोग बाइक पर आए और सीधे उन पर चाकू से हमला बोल दिया. वे दोस्तों और समर्थकों के साथ खड़े थे, हमला होते ही सारे भाग खड़े हुए. सीसीटीवी फुटेज में उन पर हमले की घटना रिकॉर्ड हो गई है. हमलावर फूड डिलिवरी एजेंट की ड्रेस में नजर आ रहे हैं. के आर्मस्ट्रांग राज्य के बड़े दलित राजनेताओं में से एक थे. 

हत्याकांड पर क्या कह रही है पुलिस?

इस हत्याकांड पर पुलिस का कहना है कि सुरेश नाम के एक गैंगस्टर के गैंग ने उनकी हत्या कराई थी. आर्कोट सुरेश पेरंबूर का डॉन था लेकिन उसके रिश्ते आर्मस्ट्रांग के साथ ठीक नहीं रहे. सुरेश भी दलित समाज ही आता था. सुरेश ने एक फंड स्कैम में शामिल एक होल्ड ट्रेडिंग कंपनी के साथ खड़ा था. इस कंपनी ने करोड़ों का स्कैम किया था. इस गैंग का कहना है कि आर्मस्ट्रांग इस हत्याकांड में शामिल थे. यह उसी का बदला है.