PM की रेस में ‘विजय’ की धमाकेदार एंट्री, मोदी-राहुल के बाद तीसरे नंबर पर पहुंचे तमिल सुपरस्टार
इंडिया टुडे-CVoter के अगस्त 2026 MOTN सर्वे में तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय प्रधानमंत्री पद की पसंद में 9.2 प्रतिशत समर्थन के साथ तीसरे स्थान पर रहे.
नई दिल्ली: तमिलनाडु की राजनीति से राष्ट्रीय राजनीति तक विजय का सफर बेहद तेजी से आगे बढ़ता दिखाई दे रहा है. अभिनेता से राजनेता बने विजय को राजनीति में आए अभी ज्यादा समय नहीं हुआ है, लेकिन एक नए सर्वे ने उन्हें देश के संभावित प्रधानमंत्री चेहरों की चर्चा में ला दिया है. इंडिया टुडे-CVoter के Mood of the Nation सर्वे में विजय को 9.2 प्रतिशत लोगों ने अगला प्रधानमंत्री देखने की इच्छा जताई. उनसे आगे नरेंद्र मोदी और राहुल गांधी रहे.
अगस्त 2026 के MOTN सर्वे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 48.7 प्रतिशत समर्थन के साथ सबसे आगे रहे. कांग्रेस नेता राहुल गांधी को 27.1 प्रतिशत लोगों का समर्थन मिला. वहीं विजय 9.2 प्रतिशत के साथ तीसरे स्थान पर पहुंचे. यह आंकड़ा इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि विजय ने 2024 में ही अपनी राजनीतिक पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम यानी TVK की शुरुआत की थी.
विपक्षी गठबंधन की कमान में भी मजबूत पसंद
सर्वे में विजय को सिर्फ प्रधानमंत्री पद के सवाल पर ही अच्छा समर्थन नहीं मिला. विपक्षी गठबंधन का नेतृत्व करने के लिए सबसे उपयुक्त नेता पूछे जाने पर भी वह 12.2 प्रतिशत समर्थन के साथ दूसरे प्रमुख चेहरों में रहे. राहुल गांधी 29 प्रतिशत के साथ पहले स्थान पर थे. विजय ने ममता बनर्जी, अरविंद केजरीवाल और अखिलेश यादव जैसे अनुभवी नेताओं को इस सवाल में पीछे छोड़ा.
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दो साल में राजनीति का बड़ा सफर
विजय का राजनीतिक सफर अपेक्षाकृत छोटा होने के बावजूद तेजी से आगे बढ़ा है. 2024 में TVK की शुरुआत के बाद पार्टी ने 2026 में तमिलनाडु का चुनाव लड़ा और सत्ता हासिल की. विजय मुख्यमंत्री बने. अब सरकार के शुरुआती दौर में ही उनका नाम राष्ट्रीय स्तर पर प्रधानमंत्री पद की संभावित पसंद के रूप में सामने आया है.
2029 को लेकर TVK की नजर
TVK के भीतर विजय को राष्ट्रीय राजनीति में आगे ले जाने की आवाज पहले से सुनाई दे रही है. 18 अगस्त को मंत्री सरतकुमार ने विधानसभा में विजय को भविष्य का प्रधानमंत्री तक बताया था. इससे एक दिन पहले मंत्री आधव अर्जुन ने दक्षिण भारत से प्रधानमंत्री बनने की जरूरत की बात कही थी. दोनों बयानों ने पार्टी की राष्ट्रीय महत्वाकांक्षा को सार्वजनिक रूप से सामने रखा.
क्या राष्ट्रीय राजनीति में बनेगा बड़ा चेहरा?
लोकसभा चुनाव 2029 में अभी करीब तीन साल का समय है. किसी राज्य में लोकप्रियता को पूरे देश में चुनावी समर्थन में बदलना आसान नहीं होता. फिर भी MOTN के आंकड़े बताते हैं कि विजय का राजनीतिक प्रभाव तमिलनाडु की सीमाओं से बाहर चर्चा में आने लगा है. सर्वे में उनका तीसरे स्थान पर पहुंचना कई स्थापित नेताओं के लिए भी महत्वपूर्ण राजनीतिक संकेत माना जा सकता है.