West Bengal Assembly Election 2026 Assembly Election 2026

टैरिफ वॉर के बीच पीएम नरेंद्र मोदी अगले महीने जाएंगे US, ट्रंप से हो सकती है बातचीत

PM Modi US Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगले महीने संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक के लिए अमेरिका का दौरा कर सकते हैं. पिछले कुछ समय में भारत और अमेरिका के व्यापार संबंधों में गिरावट आई है

Shilpa Srivastava

PM Modi US Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगले महीने संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक के लिए अमेरिका का दौरा कर सकते हैं. पिछले कुछ समय में भारत और अमेरिका के व्यापार संबंधों में गिरावट आई है जिसके बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ बैठक की योजना बनाई जा रही है. सूत्रों के अनुसार, ट्रंप के अलावा, प्रधानमंत्री मोदी यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की समेत विदेशी नेताओं के साथ भी उच्च स्तरीय बैठकें कर सकते हैं.

UNGA का शिखर सम्मेलन सितंबर में न्यूयॉर्क शहर में आयोजित किया जाएगा. 23 सितंबर से यह सम्मेलन शुरू होने जा रहा है और इस दौरान कई वैश्विक नेता शामिल होंगे. ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान, उनके और प्रधानमंत्री मोदी के बीच घनिष्ठ संबंध थे. हालांकि, ट्रंप ने मोदी को कई बार दोस्त कहने के बावजबद, दूसरे कार्यकाल में टैरिफ पर ट्रंप के लगातार बयानों ने इस दोस्ती में दरार ला दी है. 

मोदी-ट्रंप की मुलाकात की संभावना कई बातों पर निर्भर:

हालांकि, देखा जाए तो आने वाले हफ्तों में मोदी-ट्रंप की मुलाकात की संभावना कई बातों पर निर्भर करती है. इस मुलाकात से भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते में प्रगति होने की उम्मीद है. व्यापार समझौते में बनी रुकावट के बीच, ट्रंप ने भारत पर दबाव बढ़ा दिया. उन्होंने कहा कि भारत ने रूसी तेल की खरीद जारी रखी है, इसलिए 25% टैरिफ के अलावा अब और 25% एक्स्ट्रा टैक्स लगाया जाएगा. इससे कुल शुल्क 50% हो गया है, जिससे मामला और भी उलझ गया है.

भारतीय प्रोडक्ट्स पर ट्रंप ने जो 50% टैरिफ लगाए हैं, उनमें से आधे टैरिफ 7 अगस्त को लागू हो गए. वहीं, बाकी के टैरिफ 27 अगस्त से लग जाएंगे. इस डेडलाइन से पहले, भारत और अमेरिका व्यापार समझौते पर पहुंचने के लिए गहन बातचीत में लगे हुए हैं.

अमेरिका और चीन व्यापार में नया मोड़: 

अमेरिका और चीन के बीच व्यापार युद्ध में एक नया मोड़ आया है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चीन पर 30% टैरिफ की समय सीमा 90 दिन बढ़ा दी है, जिससे 145% टैरिफ योजना टल गई यह कदम राहत नहीं, बल्कि ट्रंप की मजबूरी को दर्शाता है, जो चीनी बाजार के दबदबे से जुड़ा है. पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां करें क्लिक