'मैं प्रेग्नेंट हूं', नासिक टीसीएस कांड में नया ट्विस्ट! फरार आरोपी एचआर मैनेजर निदा खान ने कोर्ट से मांगी राहत
नासिक टीसीएस यौन उत्पीड़न और जबरन धर्मांतरण मामले में फरार एचआर मैनेजर निदा खान ने कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दी है. उसने अपनी प्रेग्नेंसी को आधार बनाते हुए राहत मांगी है. पुलिस ने मामले में अब तक सात लोगों को गिरफ्तार किया है.
नासिक में टीसीएस कंपनी में यौन उत्पीड़न और जबरन धर्मांतरण के मामले में एक नया मोड़ आ गया है. मुख्य आरोपी और पूर्व एचआर मैनेजर निदा खान, जो लंबे समय से फरार थी, अब सामने आ गई है. उसके परिवार ने कोर्ट में अर्जी देकर बताया कि निदा मुंबई में है और वह प्रेग्नेंट है. निदा ने नासिक की अदालत में अग्रिम जमानत की मांग की है और अपनी मेडिकल स्थिति को मुख्य आधार बनाया है.
निदा खान की अर्जी और नया खुलासा
निदा खान ने कोर्ट में अर्जी देकर कहा कि वह गर्भवती है और स्वास्थ्य कारणों से राहत दी जाए. पुलिस और SIT की टीम उसे हिरासत में लेने की कोशिश कर रही है. इस बीच एक नया खुलासा भी हुआ है कि निदा खान कंपनी में एचआर मैनेजर नहीं बल्कि टेलीकॉलर के पद पर काम करती थी. हालांकि, शिकायतकर्ताओं ने उसे एचआर हेड के रूप में ही बताया था.
मामले में अब तक की स्थिति
पुलिस ने इस मामले में अब तक सात लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें छह पुरुष और एक महिला शामिल हैं. गिरफ्तार आरोपियों में दानिश शेख, तौसीफ अत्तर, रजा मेमन, शाहरुख कुरैशी, शफी शेख, आसिफ अंसारी और एचआर हेड अश्विनी चैननी शामिल हैं. शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि आरोपी शादी का झूठा वादा करके शारीरिक संबंध बनाने के साथ-साथ जबरन नमाज पढ़ने और मांसाहार कराने के लिए मजबूर करते थे.
टीसीएस का बयान और जांच
टीसीएस कंपनी ने मामले पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि कंपनी की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति है और वह पुलिस के साथ पूरा सहयोग कर रही है. कंपनी ने आरोपियों को निलंबित कर दिया है और जांच के नतीजे के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही है. पुलिस ने कुल नौ FIR दर्ज की हैं, जिनमें एक पुरुष कर्मचारी द्वारा भी शिकायत की गई है.
मामले की गंभीरता और आगे की संभावना
यह मामला पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है. 18 से 25 वर्ष की युवा महिला कर्मचारियों को निशाना बनाने, हिंदू देवी-देवताओं का अपमान करने और जबरन धर्मांतरण की कोशिश जैसे गंभीर आरोप लगे हैं. पुलिस की SIT जांच जारी रखे हुए है और निदा खान की अग्रिम जमानत अर्जी पर कोर्ट जल्द सुनवाई करेगा. इस मामले से आईटी सेक्टर में कार्यस्थल सुरक्षा और शिकायत निवारण तंत्र पर भी बड़े सवाल उठ रहे हैं.