IMD Weather

उत्तर भारत में अभी और सितम ढाएगी चिलचिलाती धूप, IMD ने जारी किया भीषण लू का अलर्ट

मौसम विभाग ने दिल्ली, यूपी और राजस्थान समेत देश के 14 राज्यों में भीषण लू का रेड अलर्ट जारी किया है. वहीं दूसरी तरफ राहत की खबर यह है कि मानसून 26 मई को केरल पहुंच सकता है.

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Kanhaiya Kumar Jha

नई दिल्ली: भारत में मौसम का मिजाज इन दिनों बदला-बदला सा नजर आ रहा है. एक तरफ जहां उत्तर और मध्य भारत के मैदानी इलाके में लोग चिलचिलाती धूप भीषण लू से झुलस रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ पूर्वोत्तर के राज्यों में मूसलाधार बारिश ने दस्तक दे दी है. मौसम विभाग (IMD) ने देश के 14 राज्यों के लिए एक गंभीर चेतावनी जारी की है. हालांकि, इस भीषण गर्मी के बीच राहत की एक उम्मीद भी बंधी है क्योंकि मानसून बहुत तेजी से आगे बढ़ रहा है और इसके समय से पहले केरल पहुंचने के आसार हैं.

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, देश की राजधानी दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में 18 मई से लेकर 24 मई तक लगातार लू का प्रकोप बना रहेगा. सबसे चिंताजनक स्थिति उत्तर प्रदेश में होने वाली है. पूरे उत्तर प्रदेश में 19 से 24 मई के दौरान 'भीषण लू' (सीवियर हीटवेव) चलने की आशंका है. उत्तर प्रदेश के निवासियों को दिन के साथ-साथ रात के समय भी इस जानलेवा गर्मी से कोई राहत नहीं मिलने वाली है क्योंकि 18 और 19 मई को यहां रातें भी बेहद गर्म रहने वाली हैं.

अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में तेजी से आगे बढ़ रहा मानसून

इस भीषण गर्मी के बीच राहत की बात यह है कि मानसून अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में तेजी से आगे की ओर बढ़ रहा है. मौसम विभाग का अनुमान है कि आगामी 26 मई को मानसून केरल के तट पर दस्तक दे सकता है. इसी बदलाव के कारण पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में मौसम तेजी से करवट ले रहा है. नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और बिजली चमकने के साथ झमाझम बारिश होने की पूरी संभावना है.

असम और मेघालय में भारी बारिश की चेतावनी

असम और मेघालय में मौसम विभाग ने भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. यहां 18 से 22 मई के बीच तेज बौछारें पड़ेंगी, जबकि 23 और 24 मई को स्थिति और बिगड़ सकती है, जिसके लिए बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. अरुणाचल प्रदेश में भी बिजली कड़कने के साथ भारी बारिश का दौर शुरू होने वाला है. पहाड़ी राज्यों में हो रही इस मानसूनी हलचल के कारण मैदानी इलाकों में चल रही गर्म हवाओं के तापमान में थोड़ी गिरावट आने की उम्मीद जताई जा रही है.

राजस्थान और मध्य प्रदेश में चिलचिलाती धूप का कहर

रेगिस्तानी राज्य राजस्थान में भी सूरज की तपिश अपने चरम पर पहुंच गई है. पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में 18 से 24 मई तक दिन के समय लू का तांडव देखने को मिलेगा. इसके अलावा पश्चिमी राजस्थान में 21 मई तक रातें भी गर्म रहेंगी. मध्य प्रदेश में भी इसी अवधि के दौरान लू का दौर जारी रहने का अनुमान है, जबकि छत्तीसगढ़ में 20 मई से गर्म हवाएं लोगों को परेशान करेंगी. यहां तक कि ठंडे पहाड़ी इलाके जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी लू चलने की संभावना जताई गई है.

महाराष्ट्र और गुजरात में उमस का सितम

महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र में 18 से 23 मई तक लू का सख्त अलर्ट जारी किया गया है, जहां रात का तापमान भी सामान्य से अधिक रहेगा. इसके अलावा मराठवाड़ा और मध्य महाराष्ट्र में भी गर्मी का प्रकोप बना हुआ है. पड़ोसी राज्य गुजरात की बात करें तो वहां के लोगों को केवल सूखी गर्मी ही नहीं, बल्कि अत्यधिक उमस (ह्यूमिडिटी) और पसीने छुड़ाने वाले मौसम का सामना करना पड़ रहा है. दक्षिणी राजस्थान और विदर्भ में न्यूनतम तापमान 29 से 32 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच गया है.