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India Daily

Budget 2026: बजट में 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की घोषणा, जानें वाराणसी समेत किन राज्यों को मिली रेलवे सौगात?

निर्मला सीतारमण ने बजच पेश करते हुए भारत में हाई-स्पीड रेल नेटवर्क के विस्तार पर जोर दिया. इस दौरान उन्होंने सरकार के इंफ्रास्ट्रक्टर रोडमैप का अनावरण किया

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Edited By: Shanu Sharma
Budget 2026: बजट में 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की घोषणा, जानें वाराणसी समेत किन राज्यों को मिली रेलवे सौगात?
Courtesy: Social Media

नई दिल्ली: वित्ता मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में आज यानी 1 फरवरी 2026 को आम बजट पेश कर रही हैं. इस दौरान उन्होंने भारत में हाई-स्पीड रेल नेटवर्क के विस्तार पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि हमारा मकसद तेज और पर्यावरण के अनुकूल यात्रा को बढ़ावा देना है. 

सीतारमण ने सरकार के इंफ्रास्ट्रक्टर रोडमैप का अनावरण किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि कॉरिडोर प्रमुख आर्थिक और सांस्कृतिक केंद्रों के बीच कनेक्टिविटी में सुधार करेंगा और लंबी दूरी की यात्रा में कार्बन फुट प्रिंट को भी कम करेगा. 

हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर से जुड़ेंगे ये शहर

बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार सात हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की मदद से पर्यावरण के अनुकूल यात्री परिवहन विकसित करने पर जोर दे रही है. घोषणा के मुताबिक प्रस्तावित हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर में मुंबई-पुणे, हैदराबाद-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी, वाराणसी-सिलीगुड़ी, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-चेन्नई और चेन्नई-बेंगलुरु शामिल है. इन मार्गों की मदद से तेजी से औद्योगिक केंद्रो से जोड़ने की उम्मीद है. इस योजना से सड़कों और पारंपरिक रेल नेटवर्क पर दबाव भी कम होने की उम्मीद है.

सीतारमण ने FY27 के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपये के सार्वजनिक पूंजीगत व्यय का प्रस्ताव रखा, जो FY26 के बजट अनुमानों में 11.2 लाख करोड़ रुपये से अधिक है. उन्होंने कहा कि सार्वजनिक पूंजीगत व्यय तेजी से बढ़ा है, जो इंफ्रास्ट्रक्चर आधारित आर्थिक विकास पर सरकार के काम को दर्शाता है. वित्त मंत्री ने निर्माण के दौरान निवेशकों के विश्वास को मजबूत करने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर रिस्क गारंटी फंड बनाने की भी घोषणा की, जो प्रमुख परियोजनाओं के लिए कैलिब्रेटेड सार्वजनिक क्रेडिट गारंटी प्रदान करेगा.

ढुलाई कॉरिडोर पर भी सरकार की नजर 

रेल बजट के साथ-साथ माल ढुलाई और लॉजिस्टिक्स के लिए प्रमुख योजनाओं की रूपरेखा भी तैयार की गई है. वित्त मंत्री ने पूर्व में डंकुनी को पश्चिम में सूरत से जोड़ने के लिए एक नए समर्पित पूर्व-पश्चिम माल ढुलाई कॉरिडोर की भी घोषणा की है. सरकार के इस फैसले से लॉजिस्टिक्स लागत कम होगा.

इसके अलावा 22 नए  राष्ट्रीय जलमार्गों के संचालन का भी प्रस्ताव रखा गया है. उन्होंने कहा कि इस पहल से माल ढुलाई मजबूत होंगे और टिकाऊ कार्गों परिवहन तेजी से बढ़ेगा. इसके अलावा वित्तमंत्री ने टियर 2 और टियर 3 शहरों के विकास के लिए  हर साल 5,000 करोड़ रुपये देने की घोषणा की है. इस फंड्स से नागरिकों की सुविधाओं को बढ़ाया जाएगा और ट्रांसपोर्ट सुविधा भी बढ़ेंगे.