गंदी फिल्मों में जैसा देखा वैसा ही करने की कोशिश की, 8 साल की बच्ची से रेप करने वालों का सच सामने आ गया

Andhra Pradesh Crime News: आंध्र प्रदेश में 7 जुलाई को एक नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म करने के मामले में 3 नाबालिग युवाओं को गिरफ्तार करके जेल भेजा गया है. इस मामले में एक नया खुलासा हुआ है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जघन्य अपराध को करने से पहले नाबालिग युवाओं ने एडल्ट फिल्म देखी थी. आरोपित युवाओं के मोबाइल से इस जानकारी का पता लगा है. पुलिस को अभी तक नाबालिग बच्ची के डेड बॉडी नहीं मिली है

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Andhra Pradesh Crime News: इंडिया टुडे की रिपोर्ट के अनुसार आंध्र प्रदेश में 8 साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म करके उसकी हत्या करने वाले 3 युवक जेल में है. जघन्य अपराध करने से पहले तीनों ने एडल्ट फिल्म देखी थी. इसकी जानकारी युवाओं के मोबाइल फोन से मिली. रिपोर्ट के अनुसार आरोपी के एडल्ट फिल्म देखने के बाद आरोपियों ने उसी सीन को नाबालिग बच्ची पर रिक्रिएट किया था.

यह घटना 7 जुलाई आंध्र प्रदेश के नांदयाल जिले की है. पुलिस के अनुसार 3 नाबालिग लड़कों ने नाबालिग बच्ची का कथित रूप से दुष्कर्म किया. दुष्कर्म के चलते बच्ची की जान चली गई. इसके बाद बच्ची की डेड बॉडी को पहले साइकिल फिर मोटरसाइकिल से कृष्णा नदी तक ले गए.

पहले साइकिल फिर मोटरासइकिल से ले गए शव

बच्ची को कृष्णा नदी के पास ले जाने के बाद नाबालिग आरोपियों ने बच्ची की डेड बॉडी को मुच्चुमरी गांव में सिंचाई नहर में फेंक दिया.

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस घटना से पहले बच्ची को गांव के एक पार्क में खेलते हुए देखा गया था. अभी तक बच्ची की डेड बॉडी का पता नहीं चल पाया है.

डेड बॉडी को तलाशने में लगीं है 6 टीमें

बच्ची के डेड बॉडी को खोजने में पुलिस की 6 टीमें लगी हुई है. इनमें से विशेषज्ञ तैराक, डॉग स्क्वॉड, ड्रोन कैमरे, तकनीकी टीमें, राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) की टीमें शव की तलाश में अभियान चला रही हैं. इससे पहले मंगलवार को पुलिस ने अपराध स्थल का क्राइम सीन को रिक्रिएट भी किया.

सोमवार को हुई तीन गिरफ्तीर

आंध्र प्रदेश पुलिस ने सोमवार को एक आरोपी युवा के चाचा समेत दो अन्य को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार लोगों ने सबूत को मिटाने और उनसे छेड़छाड़ करने की कोशिश की थी. नाबालिग लड़के को गिरफ्तार करके निगरानी गृह भेजा गया.

नाबालिग बच्ची के परिवार वालों को मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की मंजूरी दी.