नई दिल्ली: देशभर में बोर्ड परीक्षा की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है. उत्तर भारत समेत कई राज्यों में तापमान लगातार गिर रहा है, जिससे सुबह पढ़ने में आलस और ध्यान भटकने की समस्या बढ़ रही है. ठंड में लंबे समय तक एक जगह बैठना भी चुनौती बन जाता है. ऐसे में पढ़ाई का तरीका बदलना जरूरी है. सही रणनीति, गर्म और आरामदायक माहौल और मानसिक फोकस छात्रों को कठिन मौसम में भी आगे रख सकता है.
मौसम की चुनौती के बीच पढ़ाई को लेकर छात्रों में चिंता बढ़ रही है, लेकिन शिक्षाविदों का मानना है कि यह समय घबराने का नहीं, बल्कि योजना के साथ आगे बढ़ने का है. ठंड में पढ़ाई तभी असरदार बनती है, जब शरीर और दिमाग दोनों सक्रिय रहें. छोटे स्टडी स्लॉट, सही टाइमिंग, रिवीजन तकनीक और सेहतमंद आदतें तैयारी को मजबूत आधार देती हैं. यह खबर इन्हीं जरूरी और उपयोगी तरीकों पर रोशनी डालती है.
ठंड में पढ़ाई का पहला नियम है-माहौल सही हो. स्टडी रूम में हल्की धूप आने दें, खिड़कियों के गैप बंद करें और जरूरत हो तो हीटर का सुरक्षित उपयोग करें. टेबल–कुर्सी पर मोटा कपड़ा या मैट रखें, ताकि ठंड सीधे शरीर तक न पहुंचे. कमरे में हल्की खुशबू वाली अगरबत्ती या डिफ्यूजर से माहौल तरोताजा रखें. गर्म और शांत जगह दिमाग को लंबे समय तक एकाग्र रखती है और पढ़ाई की गुणवत्ता बढ़ाती है.
ठंड में लंबे स्टडी सेशन थकान बढ़ाते हैं. इसलिए 25 मिनट पढ़ाई, 5 मिनट ब्रेक और फिर 25 मिनट पढ़ाई का तरीका सबसे कारगर है. ब्रेक में गर्म पानी पिएं या हल्की स्ट्रेचिंग करें. 3–4 स्लॉट के बाद 15 मिनट का लंबा ब्रेक लें. यह तकनीक शरीर को ठंड से लड़ने की ऊर्जा देती है और दिमाग को भी रिचार्ज करती है. छोटे सेशन में पढ़ा गया कंटेंट ज्यादा समय तक याद रहता है और रिवीजन भी आसान होता है.
सर्दियों में सुबह शरीर सुस्त रहता है, इसलिए कठिन विषय दोपहर में पढ़ें, जब तापमान थोड़ा बढ़ चुका होता है. सुबह के समय हल्के टॉपिक, नोट्स पढ़ना, फ्लैश कार्ड रिवीजन या फॉर्मूला याद करने का काम करें. दोपहर 12 से 4 बजे के बीच दिमाग ज्यादा सक्रिय रहता है, जिससे समझने की क्षमता बढ़ती है. इस स्लॉट का सही उपयोग बोर्ड परीक्षा की तैयारी को संतुलित और प्रभावी बनाता है और समय की बचत भी होती है.
पढ़ाई के दौरान चाय की जगह गुनगुना दूध, अदरक–शहद वाला पानी या हल्का सूप पिएं. यह शरीर को गर्म रखता है और सुस्ती कम करता है. स्नैक में मूंगफली, गुड़, मखाना, ड्राई फ्रूट्स या भुने चने लें, जो एनर्जी बढ़ाते हैं. ज्यादा तला–भुना खाने से नींद आती है, इसलिए हल्का और पौष्टिक खाएं. गर्म पेय और सही स्नैक कॉम्बिनेशन दिमाग को तेज रखता है और पढ़ाई में निरंतरता बनाए रखता है.
पढ़ने से ज्यादा जरूरी है-दोहराना. रोज रात 10 मिनट का माइक्रो रिवीजन करें, जिसमें दिनभर पढ़े टॉपिक को दिमाग में दोहराएं. हफ्ते में एक बार 1 घंटे का रिवीजन ब्लॉक रखें. पोमोडोरो में भी आखिरी 5 मिनट रिवीजन के लिए रिजर्व रखें. यह आदत ठंड में भी पढ़ाई को हल्का महसूस कराती है. लगातार रिवीजन से याददाश्त मजबूत होती है और परीक्षा के दबाव में भी उत्तर तेजी से याद आते हैं.