नई दिल्लीः नए साल 2026 की पहली तारीख अपने साथ एक खास और शुभ संयोग लेकर आई है. अंक ज्योतिष ने बताया कि साल 2026 का कुल योग 10 होता है, जिसका मूलांक 1 बनता है. मूलांक 1 को सूर्य का अंक माना जाता है, इसलिए 2026 को सूर्य का वर्ष भी कहा जा रहा है.
खास बात यह है कि जब साल की पहली तारीख (1), पहला महीना (1) और मूलांक (1) को एक साथ देखा जाए, तो 111 का अंक बनता है. न्यूमैरोलॉजी में इसे “एंजेल नंबर” कहा जाता है, जिसे ज्योतिषविद एक अत्यंत शुभ संकेत मान रहे हैं. कुल मिलाकर, एंजेल नंबर 111 के साथ शुरू हुआ नया साल 2026 आशा, उन्नति और सकारात्मक बदलावों का संदेश दे रहा है.
ज्योतिषविद के अनुसार, नववर्ष की शुरुआत में 111 का एंजेल नंबर केवल संयोग नहीं है, बल्कि यह सकारात्मक ऊर्जा, नए अवसरों और बड़े बदलावों की ओर इशारा करता है. यह अंक जीवन में नई शुरुआत, आत्मविश्वास और उन्नति का प्रतीक माना जाता है. उनका मानना है कि 2026 लोगों के जीवन में आर्थिक मजबूती, आध्यात्मिक जागृति और मानसिक स्थिरता लेकर आ सकता है.
111 का एंजेल नंबर आर्थिक मोर्चे पर शुभ परिणामों का संकेत देता है. देश की अर्थव्यवस्था में मजबूती आने की संभावना जताई जा रही है, जिससे आम लोगों की आय में बढ़ोतरी हो सकती है. अनायास धन लाभ के योग भी बन सकते हैं.
कोरोना काल के बाद से चली आ रही कई स्वास्थ्य समस्याओं से 2026 में राहत मिलने की उम्मीद है. खासकर आंखों, हृदय, हड्डियों और पाचन तंत्र से जुड़ी परेशानियों में सुधार देखा जा सकता है. स्वास्थ्य पर खर्च कम होने और बच्चों व बुजुर्गों की सेहत में सकारात्मक बदलाव के संकेत भी मिलते हैं.
नया साल लोगों के आत्मविश्वास को बढ़ाने वाला साबित हो सकता है. करियर में आगे बढ़ने के नए अवसर मिलेंगे और लंबे समय से मेहनत कर रहे लोगों को सफलता मिल सकती है. पारिवारिक और सामाजिक रिश्तों में भी सुधार होगा. वहीं, प्रेम संबंधों के लिहाज से भी 2026 खास रहने की संभावना है. सिंगल लोगों के जीवन में प्रेम की शुरुआत हो सकती है, जबकि शादीशुदा लोगों के बीच आपसी समझ और मधुरता बढ़ेगी.
मूलांक अंक ज्योतिष में आपकी जन्मतिथि (दिन) से निकलने वाला एक अंक (1 से 9) होता है, जो आपके स्वभाव, व्यक्तित्व, गुणों और जीवन की चुनौतियों को दर्शाता है. इसमें जन्म की तारीख को जोड़कर एक अंक तक लाया जाता है.
ऐसे करते हैं मूलांक कैलकुलेट
यदि जन्म 1 से 9 तारीख तक है: आपका मूलांक वही संख्या होती है (जैसे 4 तारीख के लिए मूलांक 4). यदि जन्म 10 या उससे आगे है: जन्म की तारीख के अंकों को जोड़ें जब तक कि वह सिंगल डिजिट (1-9) न बन जाए (जैसे 15 तारीख के लिए 1+5=6, मूलांक 6; 29 तारीख के लिए 2+9=11, फिर 1+1=2, मूलांक 2).
स्वभाव और व्यक्तित्व: यह बताता है कि आप स्वाभाविक रूप से कैसे हैं, आपकी पसंद-नापसंद क्या है, और आप रिश्तों व करियर को कैसे संभालते हैं.
जीवन की दिशा: यह शिक्षा, वित्तीय मामलों, स्वास्थ्य और जीवन में आने वाली बाधाओं को समझने में मदद करता है.