जया एकादशी पर पूजा के लिए शुभ मुहूर्त, कब होगा सूर्योदय और सूर्यास्त?
आज जया एकादशी मनाया जा रहा है. इस दिन भगवान विष्णु की खास पूजा की जाती है. शुभ मुहूर्त में पूजा करना काफी फलदायी होता है.
हर महीने दो बार एकादशी मनाया जाता है. आज, 29 जनवरी 2026 गुरुवार को माघ शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि है. एकादशी तिथि दोपहर 1:56 बजे तक रहेगी. इंद्र योग रात 8:28 बजे तक रहेगा, जबकि मृगशिरा नक्षत्र पूरे दिन और रात रहेगा, जो 30 जनवरी को सुबह 5:30 बजे समाप्त होगा.
आज का दिन जया एकादशी के रूप में मनाया जाएगा. जिसे उदय तिथि के अनुसार मनाया जाता है. बता दें कि एकादशी तिथि 28 जनवरी को शाम 4:35 बजे शुरू होकर है और 29 जनवरी को दोपहर 1:56 बजे तक रहने वाला है.
आज का मुहूर्त
हर त्योहार को मनाने का एक शुभ समय होता है. जया एकादशी के दिन भी पूजा करने का शुभ समय है. माघ शुक्ल पक्ष की एकादशी दोपहर 1:56 बजे तक रहने वाली है. वहीं मृगशिरा नक्षत्र 30 जनवरी को सुबह 5:30 बजे तक रहने वाला है. इंद्र योग की बात करें तो यह रात 8:28 बजे तक रहेगा. इस दौरान भगवान विष्णु की पूजा की जाती है. पूजा के लिए ब्रह्म मुहूर्त सुबह 5:32 बजे से 6:23 बजे तक है. वहीं अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:29 बजे से 1:14 बजे तक रहेगा. इसके बाद अमृत काल रात 9:26 बजे से 10:54 बजे तक रहने वाला है.
क्या है जया एकादशी के फायदे?
जया एकादशी का पूजा काफी फलदायी माना जाता है. जया एकादशी को हरिवासर के नाम से भी जाना जाता है और विद्वानों का मानना है कि इस व्रत को रखने से वैदिक अनुष्ठानों से भी ज़्यादा पुण्य मिलता है. स्कंद पुराण में बताया गया है कि जया एकादशी का व्रत रखने से पूर्वज संतुष्ट होते हैं और जाने-अनजाने दोनों तरह के पापों से मुक्ति मिलती है.पद्म पुराण की मानें तो जो व्यक्ति अनजाने में भी एकादशी का व्रत रखता है, वह पापों से मुक्त हो जाता है और वैकुंठ धाम को प्राप्त करता है. हर शहर का राहु काल अलग होता है. दिल्ली में दोपहर 1:55 बजे से 3:16 बजे तक है. वहीं आज सूर्योदय सुबह 7:14 बजे होगा. वहीं सूर्यास्त शाम 6:30 बजे होगा. सही समय पर सही तरीके से पूजा करना ज्यादा लाभकारी होता है. आप भी समय पर ही पूजा करें.