जिस गन का ओलंपिक में हुआ इस्तेमाल, क्या है उसकी खासियत?
India Daily Live
29 Jul 2024
रचा इतिहास
भारतीय निशानेबाज मनु भाकर ने पेरिस ओलंपिक में 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता है.
चलाई थी ये गन
मनु ने 25 मीटर के लिए पिस्तौल चलाई थी जिसमें मनु ने फाइनल में कुल 221.7 अंक जुटाए थे.
क्या है खासियत
महिलाओं की कैटेगरी में रैपिड-फायर कॉम्पेटीटर्स .22 लॉन्ग राइफल कैलिबर वाली पिस्तौल का इस्तेमाल करते हैं.
कितने शॉट्स
ये पिस्तौल 5 शॉट फायर कर सकती है.
वजन
इसका मैक्सिमम वजन 1.4 किलोग्राम (3.0865 पाउंड) है.
ट्रिगर पुल का वजन
इसका मिनिमम ट्रिगर पुल वजन .99 किलोग्राम (2.2046 पाउंड) है.
कैसे पकड़ते हैं
इस पिस्तौल की ग्रिप कलाई को नहीं छूनी चाहिए.
बॉक्स में कैसे होती है फिट
इस पिस्तौल को 300मिमी x 150मिमी x 50मिमी के बॉक्स में फिट होना चाहिए, जिसमें बॉक्स के किनारों और बंदूक के बीच कम से कम 1 मिलीमीटर की जगह होनी चाहिए.
भारत का पहला मैडल
पेरिस ओलंपिक में यह भारत का पहला मेडल रहा है.