हर दूसरी महिला पर हड्डियों के फ्रैक्चर का खतरा! डॉक्टर ने बताया ये उपाय
Kuldeep Sharma
13 Jan 2026
यह सिर्फ फिटनेस नहीं, जिंदगी का सवाल है
ऑर्थोपेडिक डॉक्टर्स का कहना हैं कि महिलाओं के लिए वेट ट्रेनिंग अब विकल्प नहीं, जरूरत बन चुकी है.
उम्र के साथ हड्डियां कमजोर क्यों होती हैं
उम्र और हार्मोनल बदलाव के कारण महिलाओं में हड्डियों का घनत्व तेजी से गिरता है.
हिप फ्रैक्चर की सच्चाई- एक चोट, जो जान ले सकती है
हिप फ्रैक्चर होने पर एक साल में 20-30% तक मृत्यु का खतरा रहता है.
इलाज न मिले तो खतरा कई गुना
अगर हिप फ्रैक्चर का ऑपरेशन न हो, तो मृत्यु दर 75% तक पहुंच सकती है.
वॉकिंग क्यों काफी नहीं
वॉकिंग और योग से फिटनेस मिलती है, लेकिन ये हड्डियों को मजबूत नहीं बनाते.
हड्डियों को सिग्नल चाहिए
वजन उठाने से शरीर को संकेत मिलता है कि हड्डियों में कैल्शियम जमा किया जाए.
मजबूत ढांचा ही सुरक्षा है
डॉ. विल्सन के अनुसार, मजबूत हड्डियां शरीर को गिरने जैसी 'आंधियों' से बचाती हैं.
ताकत मतलब आत्मनिर्भरता
मजबूत शरीर बुढ़ापे में दूसरों पर निर्भर होने से बचाता है.
सुंदरता नहीं, सुरक्षा जरूरी
वेट ट्रेनिंग दिखावे के लिए नहीं, बल्कि भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी है.