उत्तराखंड में बद्रीनाथ नहीं बदरुद्दीन शाह का मजार है... मौलाना के बुतका दावों का वीडियो वायरल
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में मौलना को यह कहते सुना जा सकता है कि बद्रीनाथ का असली नाम बदरुद्दीन शाह हैं. यह हिंदुओं का नहीं बल्कि मुसलमानों का धार्मिक स्थल है. इसे मुसलमानों के हवाले कर देना चाहिए.
Maulana Viral Video: सोशल मीडिया पर हर दिन कोई ना कोई वीडियो वायरल होता है. इन दिनों एक मौलाना का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है. जिसमें मौलाना ने यह दावा किया है कि जिस बद्रीनाथ धाम से हिंदुओं की आस्ता जुड़ी वो उनका है ही नहीं. इतना ही नहीं मौलाना इस वीडियो में वहां के मुख्यमंत्री से सख्त एक्शन करने की मांग करते नजर आ रहे हैं.
वायरल वीडियो में मौलना को यह कहते सुना जा सकता है कि बद्रीनाथ का असली नाम बदरुद्दीन शाह हैं. यह हिंदुओं का नहीं बल्कि मुसलमानों का धार्मिक स्थल है. इसे मुसलमानों के हवाले कर देना चाहिए. वीडियो में मौलान बार-बार यह कहते सुना जा सकता है कि वह बद्रीनाथ नहीं हैं वो बदरुद्दीन शाह हैं.
बद्रीनाथ मुसलमानों का धार्मिक स्थल
मौलान अपनी बात को रखते हुए काफी गुस्से में भी नजर आते हैं. वो कहते हैं कि किसी भी चीज के पीछे नाथ लगा दिया तो वह हिंदू हो गए क्या. वह बदरुद्दीन शाह हैं. उन्होंने आगे कहा कि तारीख उठा कर देखें, वह मुसलमानों का धार्मिक स्थल है. उन्होंने कहा कि मैं वहां के मुख्यमंत्री से मांग करता हूं कि इस जगह को मुसलमानों के हवाले कर दिया जाए.
इतना ही नहीं अपने इस वीडियो में मौलान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी नाम लेते नजर आ रहा है. उन्होंने आगे कहा कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री इन बकवासियों के बकवास को रोकें, वरना मुसलमान द्वारा विशाल मार्च निकाला जाएगा और हम वहां कब्जा कर लेंगे. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो पर लोगों ने अपनी प्रतिक्रियाएं भी दी है.
सात साल पुराना वीडियो
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा ये वीडियो की सच्चाई के बारे में जब पता किया गया तो पता चला कि ये वीडियो तो सच है लेकिन काफी पुराना है. मिली जानकारी के मुताबिक ये 2017 का वीडियो बताया जा रहा है. वहीं इस वीडियो पर छपी पिछली खबरों के मुताबिक इस मौलाना के खिलाफ देहरादून में एफआईआर भी दर्ज किया गया था. उसने इस मामले में माफी भी मांगी थी. इससे पहले यह वीडियो 2017 और 2021 में भी वायरल हो चुकी है. इस मौलाना का नाम अब्दुल तलीफ बताया जा रहा है. जो अपने द्वारा दी गई विवादित टिप्पणी के बाद चर्चे में था.