NEET Re-Exam कल: रिपोर्टिंग टाइम से लेकर ड्रेस कोड तक, क्या ले जाएं-क्या नहीं; जानें सब कुछ

NTA ने नीट यूजी री-एग्जाम के लिए सख्त ड्रेस कोड और एंट्री नियम जारी कर दिए हैं. नियम तोड़ने वाले अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र में एंट्री नहीं मिलेगी.

ANI
Reepu Kumari

राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने 21 जून को होने वाले नीट यूजी री-एग्जाम से पहले अभ्यर्थियों को साफ चेतावनी जारी कर दी है. नीट यूजी की पुनः परीक्षा को लेकर देहरादून पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है. वहीं एजेंसी ने भी विस्तृत एडवाइजरी में कहा है कि कोई भी नियम तोड़ने पर परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा. उम्मीदवारों को निर्धारित दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा, वरना मेहनत पर पानी फिर सकता है. एनटीए ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे समय से पहले तैयारी कर लें. खासकर मौसम को देखते हुए कुछ छूट दी गई है, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था को बिल्कुल ढीला नहीं किया गया है.

क्या ले जा सकते हैं साथ में

अभ्यर्थी परीक्षा केंद्र में पारदर्शी पानी की बोतल ले जा सकेंगे. एडमिट कार्ड को सुरक्षित रखने के लिए पारदर्शी प्लास्टिक पाउच का इस्तेमाल भी कर सकते हैं. धार्मिक आस्था से जुड़े परिधान जैसे पगड़ी, हिजाब या अन्य धार्मिक वस्त्र पहनकर आने वाले छात्रों को प्रवेश मिलेगा, लेकिन उन्हें सुरक्षा जांच के लिए निर्धारित समय से पहले पहुंचना होगा.

क्या बिल्कुल प्रतिबंधित है

मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, ईयरफोन या कोई भी इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स ले जाना पूरी तरह वर्जित है. इसके अलावा धातु की वस्तुएं, बड़े बेल्ट बकल, भारी आभूषण और एक्सेसरीज भी नहीं ले जा सकते. हाई हील या भारी जूते पहनने वाले अभ्यर्थियों की अतिरिक्त जांच होगी. एनटीए ने हल्के और साधारण कपड़ों की सलाह दी है.


एंट्री का सख्त टाइमिंग नियम

नीट री-एग्जाम एक पाली में दोपहर दो बजे से शाम पांच बजकर 15 मिनट तक चलेगी. अभ्यर्थियों को एक बजकर 30 मिनट के बाद किसी भी हाल में एंट्री नहीं मिलेगी. दिव्यांग उम्मीदवारों को 65 मिनट का अतिरिक्त समय मिलेगा और उनकी परीक्षा शाम छह बजकर 20 मिनट तक चलेगी.

समय से पहले पहुंचना जरूरी

सभी अभ्यर्थियों की प्रवेश से पहले अनिवार्य फ्रिस्किंग होगी. इसलिए NTA ने सलाह दी है कि उम्मीदवार रिपोर्टिंग समय का खास ध्यान रखें और बिना किसी तनाव के समय से पहले केंद्र पहुंचें. नियमों का पालन करने वाले अभ्यर्थियों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी.