अंकिता भंडारी मर्डर केस में CBI ने दिल्ली में दर्ज की FIR, 'VIP' गेस्ट की पहचान पर फोकस

अंकिता भंडारी का मामला एक फिर सुर्खियों में है. अब इस मामले में सीबीआई ने दिल्ली में एक एफआईआर दर्ज किया है. कहा जा रहा है कि सीबीआई अब उस वीआईपी गेस्ट की पहचान करेगी.

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Shanu Sharma

देहरादून: ऋषिकेश के वनंतरा रिज़ॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट के तौर पर काम करने वाली अंकिता भंडारी का मामला एक फिर सुर्खियों में आ गया है. उत्तराखंड सरकार की सिफारिश पर CBI, दिल्ली स्पेशल क्राइम ब्रांच ने इस मामले पर दिल्ली में एक FIR दर्ज कर लिया है. 

सीबीआई द्वारा अब इस मामले में अंकिता के फोन डिटेल्स, बैंक डिटेल्स समेत अन्य डिजीटल सबूत जैसे वॉइस रिकॉर्डिंग को और अच्छी तरीके से खंगाला जाएगा. याद दिला दें कि 2022 में अंकिता का शव चिल्ला नहर से बरामद किया गया था. जिसके बाद मामले पर कार्रवाई करते हुए उसके मैनेजर सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को उम्रकैद की सजा मिली थी. 

वीआईपी मेहमान की पहचान जरूरी 

सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन ने सोमवार को यह मामला दर्ज किया है. पीटीआई के रिपोर्ट की मानें तो उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अंकिता भंडारी के माता-पिता की मांग पर सुप्रीम कोर्ट के जज की देखरेख में सीबीआई जांच की मांग की थी. जिसके बाद टीम ने यह मामला अपने हाथ में ले लिया.

2022 में यह मामला काफी सुर्खियों में था, सैंकड़ों लोग ने सड़क पर उतर कर इस केस में अपना गुस्सा जाहिर किया था. जिसके बाद एसाईटी की टीम ने मामले की जांच शुरू की. इसी दौरान 24 सितंबर 2022 को ऋषिकेश में चिल्ला नहर से अंकिता का शव बरामद किया गया था. जिसके बाद रिजॉर्ट के मालिक और बीजेपी के निष्कासित नेता के बेटे पुलकित आर्य समेत अन्य दो लोगों को गिरफ्तार किया गया था. 

क्या है अंकित भंडारी मर्डर मामला?

अंकिता भंडार के पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया था कि उसकी मौत डूबने की वजह से हुई. हालांकि उसके शरीर पर पांच चोटों के भी निशान पाए गए थे. जो इस बात का संकेत था कि डूबने से पहले उसे प्रताड़ित भी किया गया था. हालांकि कुछ रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया कि राज्य के एक वीआईपी मेहमान को अंकिता ने 'एक्सट्रा सर्विस' देने से मना कर दिया था. अंकिता के पिता ने अपनी बेटी की मौत की वजह उसी वीआईपी गेस्ट को बताया. हालांकि अभी तक वीआईपी गेस्ट की पहचान नहीं हो पाई है. 

इस मामले में सीबीआई जांच की डिमांड उस वक्त और भी ज्यादा बढ़ गई जब खुद को विधायकी पत्नी बताने वाली एक्ट्रेस उर्मिला सानवार ने एक वीआईपी के शामिल होने का दावा किया. उन्होंने इस दावे की पुष्टि के लिए सोशल मीडिया पर एक वीडियो और ऑडियो रिकॉर्डिंग जारी कीं, जिससे इस मामले में एक प्रभावशाली व्यक्ति के जुड़े होने का शक और भी ज्यादा गहरा जाता है.