नप गए सुभासपा विधायक बेदी राम! 19 और फंसे, रेलवे भर्ती पेपर लीक केस में गैरजमानती वारंट जारी

रेलवे भर्ती पेपर लीक मामले में सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी यानी सुभासपा के विधायक विधायक बेदी राम और निषाद पार्टी के विधायक विपुल दुबे समेत 19 के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी हुआ है. मामले में सुभसपा के दोनों विधायकों समेत 19 आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में सुनवाई चल रही है. कहा जा रहा है कि दोनों विधायकों समेत कई अन्य आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुए थे, जिसके बाद इनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया है.

Social Media
India Daily Live

Railway Group D Paper Leak: लखनऊ की एक कोर्ट ने रेलवे ग्रुप डी भर्ती के पेपर लीक मामले में उत्तर प्रदेश के दो विधायकों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है. दोनों विधायक यूपी की NDA सरकार में शामिल पार्टियों के विधायक हैं. इनमें ओम प्रकाश राजभर की पार्टी सुभासपा के विधायक औऱ संजय निषाद पार्टी की निषाद पार्टी के विधायक विपुल दुबे शामिल हैं. 

गाजीपुर की जखनियां विधानसभा सीट से विधायक बेदी राम और भदोही की ज्ञानपुर सीट से विधायक विपुल दुबे समेत 19 आरोपियों के खिलाफ 
रेलवे ग्रुप डी की भर्ती परीक्षा में पेपर लीक मामले में मुकदमा चल रहा है. रिपोर्ट के मुताबिक, स्पेशल जज पुष्कर उपाध्याय ने दोनों विधायकों समेत अन्य आरोपियों के कोर्ट में पेश न होने के बाद ये गैर जमानती वारंट जारी किया है. कोर्ट ने कृष्णा नगर इंस्पेक्टर को 26 जुलाई तक वारंट के पालन करने और आरोपियों को कोर्ट में पेश करने का आदेश दिया है.

2006 में बेदी राम और विपुल दुबे की हुई थी गिरफ्तारी

पेपर लीक मामले मेें 2006 में स्पेशल टास्क फोर्स ने विपुल दुबे और बेदी राम को गिरफ्तार किया था. दोनों नेताओं के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट भी लगाया गया था. दावा किया गया था कि दोनों नेताओं के पास से रेलवे भर्ती परीक्षा का क्वेश्चन पेपर बरामद किया गया था. 

सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के विधायक ने साल 2022 के फरवरी में हुए यूपी विधानसभा चुनाव के दौरान हलफनामा दायर किया था. चुनाव आयोग को सौंपे गए एफिडेविट में बेदी राम ने बताया था कि राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश में रेलवे और पुलिस भर्ती पेपर लीक से जुड़े मामलों में उनके ऊपर 8 मामले दर्ज हैं. एक अन्य मामला भी दर्ज हैं, लेकिन वो पेपर लीक से नहीं जुड़ा है. 

गैंगस्टर एक्ट लगने के बाद सुभसपा विधायक बेदी राम की करीब 8 प्रॉपर्टी कुर्क हो चुकी हैं. बेदी राम के खिलाफ पुलिस भर्ती पेपर लीक मामले में 2010 में जौनपुर के मडियाहू थाने में केस दर्ज किया गया था. बेदी राम के खिलाफ जुड़े सभी पेपर लीक मामलों में से 8 मामलों में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है. उन्हें सुभासपा चीफ ओम प्रकाश राजभर का करीबी माना जाता है.

क्या है रेलवे ग्रुप-डी की परीक्षा पेपर लीक का मामला?

रिपोर्ट के मुताबिक, फरवरी 2006 में आयोजित रेलवे ग्रुप डी की परीक्षा से एक दिन पहले क्वेश्चन पेपर लीक हुआ था. मामले की जांच में जुटी एसटीएफ ने इसकी पुष्टि भी की थी. साथ ही एक मकान में छापेमारी के दौरान एसटीएफ ने रेलवे ग्रुप डी के क्वेश्चन पेपर के साथ बेदीराम और उनके गुर्गों को गिरफ्तार भी किया था.